शिक्षा प्रणाली का महत्वपूर्ण हिस्सा है अपार आईडी
फिर अपार आईडी की क्या आवश्यकता?
सीबीएसई ने परीक्षा पंजीकरण और रिकॉर्ड रखने के दौरान अपार आईडी का उपयोग शुरू किया है, लेकिन इसका उपयोग मुख्य रूप से प्रशासनिक कामों के लिए किया जाता है। हालांकि, छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी अपार आईडी बनाएं या उसे DigiLocker से लिंक करें।
APAAR ID क्या है?
अपार आईडी का मतलब Automated Permanent Academic Account Registry ID होता है। यह भारत सरकार की डिजिटल शिक्षा पहल का हिस्सा है, जिसे एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट्स (ABC) के माध्यम से लागू किया गया है। इसके जरिए हर छात्र को एक यूनिक डिजिटल आईडी दी जाती है, जिसमें उसके सभी शैक्षणिक रिकॉर्ड सुरक्षित रहते हैं। यह आईडी राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत शुरू की गई एक पहल है।
इन पांच तरीकों से देख सकते हैं अपना रिजल्ट
सीबीएसई ने कक्षा 10वीं के परिणाम घोषित कर दिए हैं। छात्र अपने अंक कई आसान तरीकों से देख सकते हैं। इसके लिए आधिकारिक सीबीएसई वेबसाइट, DigiLocker और UMANG एप जैसे प्लेटफॉर्म उपलब्ध हैं। जरूरत पड़ने पर छात्र SMS सेवा का भी उपयोग कर सकते हैं। अभ्यर्थी इन पांच तरीकों से अपना रिजल्ट देख सकते हैं:
- आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से (cbse.gov.in, results.cbse.nic.in)
- डिजिलॉकर एप या वेबसाइट पर (results.digilocker.gov.in)
- उमंग एप के जरिए (umang.gov.in)
- एसएमएस के माध्यम से
- आईवीआरएस (कॉल के जरिए)
इन सभी माध्यमों को इस तरह तैयार किया गया है कि छात्र आसानी से और जल्दी अपना रिजल्ट देख सकें।