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CBSE Board Exams 2026: बोर्ड परीक्षा में बैठने के लिए 75% उपस्थिति जरूरी, सीबीएसई ने याद दिलाए पात्रता नियम

Mon, 15 Sep 2025 05:36 PM IST
आकाश कुमार एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला

सार

CBSE Board Exams 2026: सीबीएसई बोर्ड ने 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा के लिए पात्रता नियम एक बार फिर से याद दिलाए हैं। नियमों में न्यूनतम 75% उपस्थिति और 2 साल का अध्ययन जरूरी है। इसके अलावा, आंतरिक मूल्यांकन अनिवार्य है, अतिरिक्त विषयों के लिए स्कूल की अनुमति जरूरी है।
 
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, CBSE - फोटो : X(@cbseindia29)
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विस्तार
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CBSE Board Exams: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा में बैठने के लिए पात्रता नियम जारी किए हैं। बोर्ड ने कहा है कि परीक्षा देने के लिए छात्रों का स्कूल में न्यूनतम 75% उपस्थिति होना अनिवार्य है। निर्देशों के अनुसार, छात्र को बोर्ड परीक्षा में शामिल होने के लिए सभी विषयों की 2 साल तक पढ़ाई करनी होगी। 

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बोर्ड ने यह भी कहा कि CBSE द्वारा दिए जाने वाले सभी विषयों में आंतरिक मूल्यांकन (Internal Assessment) राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुसार अनिवार्य हिस्सा है।

बोर्ड ने आधिकारिक बयान में कहा, "सीबीएसई द्वारा आयोजित बोर्ड परीक्षा में शामिल होने के लिए आवश्यक शर्तें यह हैं: कक्षा 10 और 12 दो साल का प्रोग्राम हैं, जिसमें क्रमशः कक्षा 9 और 10 तथा कक्षा 11 और 12 शामिल हैं।"
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बयान में आगे कहा गया, "आंतरिक मूल्यांकन दो साल की प्रक्रिया है। अगर छात्र स्कूल नहीं आते हैं, तो उनका आंतरिक मूल्यांकन नहीं हो सकता। आंतरिक मूल्यांकन में प्रदर्शन न होने पर छात्र का परिणाम घोषित नहीं किया जा सकता। ऐसे छात्रों को, भले ही वे नियमित छात्र हों, 'Essential Repeat' श्रेणी में रखा जाएगा।"

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अतिरिक्त विषयों के लिए स्कूल को अनुमति लेना जरूरी

कक्षा 10 और 12 में छात्रों को अतिरिक्त विषय चुनने का विकल्प दिया जाएगा। आधिकारिक बयान के अनुसार, "कक्षा 10 में छात्र अनिवार्य 5 विषयों के अलावा 2 अतिरिक्त विषय चुन सकते हैं, जबकि कक्षा 12 में केवल 1 अतिरिक्त विषय लिया जा सकता है। अतिरिक्त विषय चुनने वाले छात्र इसे दो साल तक पढ़ेंगे।"

बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी स्कूल ने किसी विषय को पढ़ाने की अनुमति CBSE से नहीं ली है और उनके पास शिक्षक, लैब या अन्य सुविधाएं नहीं हैं, तो छात्रों को वह विषय मुख्य या अतिरिक्त विषय के रूप में नहीं दिया जाएगा।

बोर्ड ने कहा, "अगर कोई नियमित छात्र पहले वर्षों में अतिरिक्त विषय ले चुका है और उसे 'Compartment' या 'Essential Repeat' श्रेणी में रखा गया है, तो वह कंपार्टमेंट या Essential Repeat श्रेणी में निजी उम्मीदवार के रूप में परीक्षा दे सकता है।"

बोर्ड ने साफ किया कि ऊपर बताए गए नियमों को पूरा न करने वाले किसी भी छात्र को बोर्ड परीक्षा में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जाएगी। बयान में यह भी बताया गया कि शिक्षा मंत्रालय के तहत दो राष्ट्रीय स्कूल बोर्ड हैं। CBSE आमने-सामने शिक्षा प्रदान करता है, जबकि NIOS शिक्षा ओपन और डिस्टेंस मोड के जरिए देता है।
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