नीली बत्ती वाली गाड़ी में बैठने का पापा का सपना पूरा करने वाली साधना चौहान का चयन उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की पीसीएस परीक्षा में हुआ है। इसमें उन्हें सेल्स टैक्स विभाग में असिस्टेंट कमिश्नर के पद पर नियुक्ति मिलेगी।
साधना चौहान ने अपने पापा के सपने को पूरा करने के लिए 2002 में सिविल सेवा की परीक्षा की तैयारी शुरु की थी। तैयारी के दौरान 2004 में उनके पिता की मृत्यु हो गई। घर की सबसे बड़ी होने के नाते सारी जिम्मेदारी उनके ऊपर आ गई, लेकिन उन्होंने कभी अपना हौसला नहीं डगमगाने दिया और तैयारी जारी रखी।
इनके ऊपर दुखों का पहाड़ तब और टूटा जब पिता को खोने के बाद 2012 में भाई की भी मृत्यु हो गई। हजारों मुसीबते झेलने के बाद इन्होंने अपनी तैयारी जारी रखते हुए पीसीएस परीक्षा में कामयाबी हासिल की। साधना चौहान एवं ऐसे ही कुछ अन्य व्यक्तित्व की जीवन की परीक्षा जानने के लिए हमारे वेबसाइट www.safalta.com के होम पेज पर उपलब्ध 'टॉपर्स कॉर्नर' को पढ़ें।
हमने वेबसाइट www.safalta.com के होम पेज पर उपलब्ध 'टॉपर्स कॉर्नर' में साधना चौहान की प्रेरणादायक कहानी दी गई है। इस सेक्शन का उद्देश्य उन अभ्यर्थियों को प्रेरित करना है, जो किसी मुश्किल समय में तैयारी करना छोड़ देते हैं।
साधना चौहान एक ऐसी व्यक्तित्व रही हैं, जो अपने पिता एवं भाई को खाने के बाद भी अपने लक्ष्य से नहीं भटकीं और लगातार कोशिश से 2006 एवं 2009 में साक्षात्कार तक पहुंचीं। उनकी इन्हीं कोशिशो ने सफलता पाने में मदद दिलाई।
उनका मानना है कि उनके तैयारी के समय में यह पोर्टल मौजूद नहीं था लेकिन आज प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों को इस मजबूत प्लेटफॉर्म का नियमित अवलोकन करना चाहिए। वह कहती हैं कि आज दिन प्रति दिन बढ़ती प्रतिस्पर्धा के चलते परीक्षा के स्तर को छूने के लिए देश और दुनिया में घटने वाली घटनाक्रमों को जानना व समझना बहुत जरूरी है।