भाजपा के घोषणा पत्र को आग के हवाले करते शिक्षामित्र।
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प्रदेश सरकार के फैसले से खफा शिक्षा मित्रों ने शुक्रवार को जीआईसी परिसर में भाजपा के विधानसभा चुनाव-2017 के घोषणा पत्र की प्रतियां फूंकीं। भाजपा पर वादाखिलाफी का आरोप लगा नारेबाजी की। फिर सोल्जर बोर्ड चौराहे तक जुलूस निकालकर जाम लगा दिया। आधे घंटे तक शिक्षामित्र हंगामा करते रहे। पुलिस के समझाने के बाद सड़क से हटे। यातायात व्यवस्था बहाल करने में दो घंटे से भी अधिक का समय लगा।
प्रदेश सरकार की ओर से शिक्षामित्रों को 10 हजार रुपये मानदेय देने और 25 नंबर वेटेज दिए जाने का आदेश किया है। इससे शिक्षामित्र असंतुष्ट हैं। शिक्षामित्र समान कार्य, समान वेतन की मांग कर रहे हैं। शुक्रवार को शिक्षामित्रों ने भाजपा पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए विधानसभा चुनाव-2017 के घोषणा पत्र की प्रतियां जीआईसी गेट पर जलाईं और नारेबाजी की। शिक्षामित्र संघ के जिलाध्यक्ष मनीराम राजपूत ने कहा कि भाजपा ने सरकार बनने के तीन महीने के अंदर शिक्षामित्रों का समाधान निकालने की बात घोषणा पत्र में शामिल की थी। लेकिन सरकार बनने के बाद शिक्षामित्रों को सड़क पर लाकर छोड़ दिया है। इसके बाद शिक्षामित्र कचहरी रोड होते हुए सोल्जर बोर्ड चौराहे पहुंचे और हंगामा करने लगे। शहर कोतवाल भगवान सिंह ने पदाधिकारियों को बुलाकर समझाया। इसके बाद शिक्षामित्र सड़क से उठकर जीआईसी मैदान के लिए रवाना हुए। यहां पर आदर्श शिक्षामित्र वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष संतोष शुक्ला ने शिक्षामित्रों को संबोधित किया। इसके बाद पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट वंदिता श्रीवास्तव को सौंपा। इस मौके पर कल्याण सिंह, राम सिंह, सुनील राजपूत, सुधीर राजपूत, राघवेंद्र शर्मा, बृजेंद्र प्रताप सिंह, राजेश कुमार, अरुण दीक्षित, सुनील राजपूत आदि मौजूद रहे।