1,66,494 विद्यार्थियों को डिजिटल माध्यम से डिग्री प्रदान की
कार्यक्रम के दौरान शिक्षा मंत्री ने 1,66,494 विद्यार्थियों को डिजिटल माध्यम से डिग्री प्रदान की तथा 10 उत्कृष्ट विद्यार्थियों को व्यक्तिगत रूप से पदक प्रदान किए।
दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता करते हुए कुलपति सिंह ने विद्यार्थियों को दृढ़ता अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया और कहा कि कड़ी मेहनत से असंभव कार्य भी संभव हो जाता है।
डीयू की 102 वर्ष की यात्रा का विवरण देते हुए उन्होंने उत्कृष्टता के प्रति विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता तथा भविष्य के नेताओं को तैयार करने में इसकी जिम्मेदारी पर जोर दिया।
इतने छात्रों को मिली पीएचडी की डिग्री
कुलपति ने छात्रों को व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं को राष्ट्रीय हितों के साथ संतुलित करने की सलाह दी और उन्हें याद दिलाया कि गहरे मूल्य दीर्घकालिक सफलता सुनिश्चित करते हैं। उन्होंने शिक्षण में जुनून के महत्व पर भी जोर दिया और शिक्षकों से अपने पेशे में आनंद खोजने का आग्रह किया।
बयान के अनुसार, दीक्षांत समारोह में 316 पुरुष और 307 महिलाओं सहित कुल 623 छात्रों को पीएचडी की डिग्री प्रदान की गई। इसके अतिरिक्त, नियमित और गैर-कॉलेजिएट महिला शिक्षा बोर्ड की छात्राओं सहित 83,902 छात्राओं को डिग्री प्रदान की गई।
इसके अलावा, स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग (SOL) के 82,592 छात्रों को डिग्री प्राप्त हुई।