अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE) ने संबद्ध संस्थानों को शिक्षकों के वेतन का भुगतान करने का निर्देश दिया है। एआईसीटीई ने सभी संस्थानों को शिक्षकों का वेतन वक्त पर देने के लिए कहा है। एक नोटिस एआईसीटीई ने सुझाव दिया कि संस्थान वेतन भुगतान में देरी या रद्द करके 'राष्ट्रीय आपातकाल' को खराब न करें। गौरतलब है कि इससे पहले अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद ने सभी संबंद्ध कॉलेजों को फीस बढ़ोतरी न करने का आदेश दिया था।
एआईसीटीई को शिकायतें मिली हैं कि कुछ संस्थानों ने अभी तक फैकल्टी को मार्च औ फरवरी का वेतन नहीं दिया है। ऐसे में एआईसीटीई का कहना है कि कोविड-19 के दौर में कर्मचारियों और शिक्षकों के वेतन का भुगतान नहीं करने से उनको और उनके परिवारों को तनाव का सामना करना पड़ सकता है। यहां तक की भुखमरी का भी सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में सभी संबद्ध संस्थान शिक्षकों के वेतन का भुगतान करें।
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शासी निकाय ने पहले संस्थानों के लिए एक संशोधित शैक्षणिक कैलेंडर जारी किया था जिसमें उन्होंने अगस्त से नए सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू करने का सुझाव दिया था। इसने संस्थानों को स्नातकोत्तर स्तर के पाठ्यक्रमों में अनंतिम आधार पर प्रवेश देने का भी सुझाव दिया था, जिनके परिणाम लंबित हैं। इससे पहले एआईसीटीई सभी तकनीकी कॉलेजों के लिए नया अकादमिक कैलेंडर जारी कर चुकी है। इसमें नये सत्र को अगस्त से शुरू करने के लिए कहा गया है। गौरतलब है कि इस वक्त देश में तीसरे चरण का लॉकडाउन चल रहा है जो कि 17 मई तक है। लॉकडाउन की वजह से सभी कॉलेज और संस्थान बंद हैं।