निजी स्कूलों में फीस में 20 से 82 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी का दावा
उन्होंने दावा किया कि कई निजी स्कूलों ने फीस में 20 से 82 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की है, उन्होंने सरकार पर निष्क्रियता का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा, "अभिभावक चिंतित हैं। अगर माता-पिता बढ़ी हुई फीस का भुगतान नहीं कर सकते हैं तो बच्चों को कक्षाओं से वंचित किया जा रहा है और स्कूल प्रशासन सुन नहीं रहा है। भाजपा सरकार मूकदर्शक बनी हुई है।"
आतिशी ने की सीबीआई जांच की मांग
एक्स पर एक पोस्ट में आप मंत्री आतिशी ने आरोपों को दोहराया और केंद्रीय जांच ब्यूरो से जांच की मांग की।
उन्होंने कहा, "इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में देखिए कि 2015 में सत्ता में आने के बाद अरविंद केजरीवाल की सरकार ने किस तरह निजी स्कूलों को मनमाने ढंग से फीस बढ़ाने से रोका था। लेकिन भाजपा सरकार आते ही इन स्कूलों को फिर से लूट की खुली छूट मिल गई।"
उन्होंने सवाल किया कि एक दशक में फीस नहीं बढ़ाने वाले निजी स्कूल अब भाजपा के सत्ता में आने के एक महीने के भीतर ही फीस कैसे बढ़ा रहे हैं? उन्होंने पूछा, "क्या भाजपा सरकार इसमें शामिल है?"
इससे पहले शुक्रवार को आप के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी द्वारका के एक निजी स्कूल में फीस बढ़ोतरी के बारे में एक न्यूज क्लिपिंग शेयर करने के लिए एक्स का सहारा लिया।
उन्होंने कहा, "10 साल में हमने दिल्ली के निजी स्कूलों को मनमाने ढंग से फीस नहीं बढ़ाने दी। हमने शिक्षा माफिया को खत्म कर दिया। उनकी (भाजपा) सरकार आने के एक महीने के भीतर ही शिक्षा माफिया वापस आ गया है।"