दिल्ली मेट्रो की ट्रेनों में यात्रियों को दो सील बंद शराब की बोतलें ले जाने की अनुमति जल्द वापस हो सकती है। नियम लागू होने के कुछ सप्ताह बाद ही दिल्ली के उत्पाद शुल्क विभाग ने इस छूट के खिलाफ दिल्ली मेट्रो को शिकायत की है। विभाग का कहना है इससे राज्यों के बीच शराब को लेकर बने नियमों की अवहेलना होगी।
उत्पाद शुल्क अधिनियम के अनुसार, रम, वोदका और व्हिस्की जैसी शराब की केवल एक सीलबंद बोतल को एक राज्य से दूसरे राज्य में ले जाया जा सकता है। ऐसे में मेट्रो की ट्रेन में दिल्ली-एनसीआर के नोएडा, गाजियाबाद, गुड़गांव और फरीदाबाद के बीच यात्रियों को दो सीलबंद बोतल ले जाने की इजाजत देना इस अधिनियम का उल्लंघन होगा।
साथ ही, दिल्ली में 25 साल से कम उम्र के किसी भी व्यक्ति को शराब नहीं बेची जा सकती है, जबकि गुरुग्राम जैसे शहरों में 18 साल के किसी भी व्यक्ति को शराब बेची जा सकती है। छूट का मतलब है कि कोई भी कम उम्र का व्यक्ति मेट्रो ट्रेनों के माध्यम से अन्य स्थानों से शराब ला सकता है और दिल्ली में इसका सेवन कर सकता है।
उत्पाद शुल्क विभाग ने इस मुद्दे को दिल्ली मेट्रो के समझ उठाया है। बता दें कि पिछले महीने ही दिल्ली मेट्रो ने यात्रियों को दिल्ली मेट्रो ट्रेनों में प्रति व्यक्ति शराब की दो सीलबंद बोतलें ले जाने की अनुमति दी थी। इससे पहले, एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन को छोड़कर दिल्ली मेट्रो में शराब ले जाने पर प्रतिबंध था। दो बोतल मानदंड की सिफारिश डीएमआरसी और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) की एक समिति ने की थी।