नई दिल्ली। साकेत कोर्ट स्थित मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण (एमएसीटी) ने सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हुए व्यक्ति महिपाल के परिवार को 4.4 लाख रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है। यह मामला 20 मार्च 2019 की एक दुर्घटना से जुड़ा है, जब महिपाल जिस ऑटोरिक्शा में सवार थे, उसकी टक्कर एक कार से हो गई थी। हादसे में महिपाल को गंभीर चोटें आईं और वे 40 प्रतिशत तक स्थायी रूप से दिव्यांग हो गए थे। बाद में मामले की सुनवाई के दौरान उनकी स्वाभाविक मृत्यु हो गई, जिसके बाद उनके परिजनों ने मुआवजे का दावा दायर किया। पीठासीन अधिकारी चारू गुप्ता ने आदेश में कहा कि दुर्घटना ऑटो रिक्शा चालक की लापरवाही के कारण हुई थी। साथ ही, यह भी पाया गया कि चालक के पास वैध ड्राइविंग लाइसेंस नहीं था। अदालत ने विभिन्न मदों जैसे इलाज का खर्च, दर्द और मानसिक कष्ट, आय में नुकसान व अन्य को ध्यान में रखते हुए कुल 4.4 रुपये लाख का मुआवजा तय किया। न्यायाधिकरण ने बीमा कंपनी गो डिजिट जनरल इंश्योरेंस लिमिटेड को निर्देश दिया कि वह यह राशि निर्धारित समयसीमा के भीतर महिपाल के परिजनों को अदा करे। ब्यूरो