शिक्षा उत्कृष्टता पुरस्कार में चयनित स्कूलों के निरीक्षण की मांग
- अभिभावक संघ ने उपराज्यपाल, मुख्यमंत्री व एनसीपीसीआर को लिखा पत्र
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली, 17 जनवरी
दिल्ली अभिभाभवक संघ (डीपीए) ने शिक्षा निदेशालय की ओर से दिए जाने वाले शिक्षा उत्कृष्टता पुरस्कार-2021 के लिए चयनित स्कूलों के निरीक्षण करने मांग की है। इस संबंध में संघ ने उपराज्यपाल अनिल बैजल, मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष प्रियांक कानूनगो को पत्र लिखा है।
पत्र के मुताबिक, डीपीए अध्यक्ष अपराजिता गौतम ने शिक्षा निदेशालय के अधिकारियों द्वारा पुरस्कार के लिए स्कूलों के चयन में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। अपराजिता ने कहा है कि जिले के स्तर पर 13 स्कूलों को शिक्षा उत्कृष्टता के लिए निदेशालय ने चुना है, जिसमें ओल्ड राजेंद्र नगर स्थित सर्वोदय कन्या विद्यालय को मध्य जिला से चयनित किया है जो कि पुरस्कार के मानदंडों पर खरा नहीं उतरता है। गौतम के मुताबिक, जुलाई 2021 में दीवार गिरने से तीन लोग घायल हो गए थे। साथ ही छह कारें, एक बाइक और एक रिक्शा क्षतिग्रस्त हो गया था। मामले में पुलिस ने दीवार की मरम्मत नहीं करने व देखभाल में लापरवाही बरतने की रिपोर्ट दर्ज की थी, लेकिन स्कूल की दीवार गिरने और एफआइआर दर्ज होने के बाद भी इस स्कूल को मध्य जिले से चुना गया है। उन्होंने स्कूल द्वारा जमा कराए गए दस्तावेजों की बारीकी से जांच करने व लापरवाही बरतने पर संबंधित अधिकारियों पर उचित कार्रवाई करने के लिए सरकार से मांग की है। वहीं, अन्य चयनित स्कूलों द्वारा जमा कराए गए दस्तावेजों की भी बारीकी से जांच की मांग रखी है। साथ ही संघ का कहना है कि निदेशालय जांच में ये भी देखे कि स्कूल या स्कूल के कर्मचारी के खिलाफ कोई केस दर्ज है या नहीं। वहीं, स्कूलों में पाक्सो, पीटीए और स्कूल की सुरक्षा से संबंधित कमेटियों का गठन किया गया है नहीं। साथ ही स्कूल द्वारा निदेशालय के सभी आदेशों का पालन किया जाता है या नहीं।
बता दें कि शिक्षा उत्कृष्टता पुरस्कार के लिए स्कूलों के निरीक्षण की रिपोर्ट मांगी जाती है। इसके लिए प्रधानाचार्यों को सभी दस्तावेजों के साथ आवेदन करना होता है। उपशिक्षा निदेशक दस्तावेजों की जांच कर स्कूलों के दावे की पुष्टि करते हैं ।
-----------------------------
किशन कुमार