उत्तर-पूर्वी दिल्ली के नंद नगरी इलाके में डीएम कार्यालय के पास शनिवार शाम एक युवक की सरेराह चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की शिनाख्त सुंदर नगरी निवासी मनीष के रूप में हुई। हत्या की सूचना के बाद इलाके में तनाव उत्पन्न हो गया। कुछ शरारती तत्वों ने घटना को सांप्रदायिक रंग देने का प्रयास किया। कुछ ही देर बाद दोनों समुदाय आमने-सामने आ गए। जमकर नारेबाजी की गई।
खबर मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने हालात को संभाला। बाद में दोनों समुदाय के लोगों को वापस भेजा। देर रात तक एरिया में तनाव का माहौल था। पुलिस के अलावा अर्द्धसैनिक बलों को मौके पर तैनात कर दिया गया था। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी खुद मौके पर मौजूद थे। हत्या के मामले में पुलिस ने देर रात को ही तीन लड़कों आलम, बिलाल और फैजान को हिरासत में ले लिया। पुलिस अधिकारियों का कहना था कि पुरानी रंजिश में वारदात को अंजाम दिया है।
शनिवार रात को पुलिस को सूचना मिली कि नंद नगरी डीएम कार्यालय के पास कुछ लड़कों ने एक युवक को चाकू मार दिया है। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। मनीष के परिजनों का आरोप था कि वारदात को जेल में मोहसिन और कासिम के इशारे पर अंजाम दिया गया है। दो साल इन दोनों ने मनीष पर हमला किया था।
उस समय मनीष ने दोनों पर केस दर्ज करवाया था। केस वापस न लेने पर मनीष को जान से मारने की बात की जा रही थी। इसके बाद एक समुदाय के लोगों ने नंद नगरी मुख्य सड़क पर आकर नारेबाजी शुरू कर दी। दूसरे समुदाय के लोग भी पहुंच गए। हालात को देखते हुए तुरंत पुलिस बल मौके पर भेजा गया।
लोगों को समझा-बुझाकर वापस भेजने का प्रयास किया गया। लोग काफी गुस्से में थे। इन लोगों ने सड़क पर जाम भी लगाए रखा। देर रात को जिला पुलिस उपायुक्त घटना स्थल पर मौजूद थे। पुलिस ने स्थानीय लोगों को तीन लड़कों के पकड़े जाने की खबर दी तो इसके बाद लोगों का गुस्सा शांत हुआ।