नई दिल्ली। राष्ट्रीय प्राणी उद्यान (चिड़ियाघर) में वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर अधिकारियों की लापरवाही ने एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासनिक उदासीनता के कारण शेरनी महागौरी का शावक बुरी तरह घायल हो गया। घटना उस पिंजरे से जुड़ी है, जहां शावक को रखा गया था और जो सुरक्षा मानकों का पालन करने में पूरी तरह विफल साबित हुआ। कर्मचारियों के अनुसार, शेरनी महागौरी के दो शावकों को एक पुराने लोहे के पिंजरे में रखा गया था, जिसमें पहले से ही एक पतली लोहे की पट्टी टूटकर बाहर निकली हुई थी। यह समस्या कई बार अधिकारियों के समक्ष उठाई गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। खेल-कूद के दौरान एक शावक इस नुकीली पट्टी से टकरा गया, जो उसके पैर और पेट में घुस गई। ब्यूरो