नई दिल्ली। राउज एवेन्यू कोर्ट में शनिवार को वर्ष 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगे के मामले में दिल्ली के कानून मंत्री कपिल मिश्रा के खिलाफ सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान विशेष न्यायाधीश दिग्विनय सिंह अवकाश पर थे। सुनवाई 24 सितंबर के लिए टाल दी गई। मामले में इलियास ने कपिल मिश्रा के साथ ही दयालपुर के तत्कालीन एसएचओ, भाजपा विधायक मोहन सिंह बिष्ट, पूर्व भाजपा विधायक जगदीश प्रधान और सतपाल सहित पांच अन्य के खिलाफ एफआईआर की मांग की थी। आरोप लगाया गया था कि 23 फरवरी 2020 को उन्होंने मिश्रा और उनके साथियों को सड़क जाम करते और रेहड़ी-पटरी वालों की गाड़ियों को नष्ट करते देखा था। उन्होंने यह भी दावा किया था कि तत्कालीन पुलिस उपायुक्त (उत्तर-पूर्व) और अन्य पुलिसकर्मी मिश्रा के बगल में खड़े होकर प्रदर्शनकारियों को क्षेत्र खाली करने या परिणाम भुगतने की चेतावनी दे रहे थे।