कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली की सीमाओं पर चल रहे किसानों के आंदोलन को लगभग तीन महीने हो चुके हैं। इतने समय में दिल्ली की सीमाओं पर भले ही किसानों की भीड़ कुछ कम हुई हो लेकिन किसानों द्वारा अलग-अलग राज्यों में बुलाई जा रही महापंचायतों में हजारों किसानों की भीड़ उमड़ रही है। आज जहां राकेश टिकैत आगरा पहुंचेंगे वहीं गौरव टिकैत मुरादनगर पहुंचे हैं। पढ़ें दिनभर के अपडेट्स...
राकेश टिकैत ने दी फसलों का दाम तय करने के लिए संसदीय समिति बनाने की सलाह
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राकेश टिकैत ने आज कहा कि, सरकार शोध केंद्रों की बात नहीं मानती है इसलिए आने वाले समय में संसद के पास पार्क में कृषि अनुसंधान केंद्र बनाना पड़ेगा। संसदीय समिति बनाएं और वहां कुछ फसलों की खेती करवाएं। जो लाभ-हानि हो समिति देखे और उस आधार पर फसलों के दाम तय करें।