दिल्ली के द्वारका जिले की साइबर थाना पुलिस ने वहां स्थित एक होटल के तीन कर्मचारियों व हापुड़, यूपी के सिम बेचने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है। होटल कर्मचारी होटल में आने वाले मेहमान खासकर महिला मित्रों के साथ आने वालों की अश्लील वीडियो बना लेते थे। फिर फर्जी आईडी से लिए गए सिम से बनाए गए इंस्टाग्राम से वीडियो को भेजकर पीड़ित से उगाही करते थे। आरोपियों ने तीन मेहमानों की अश्लील वीडियो बनाने की बात स्वीकार की है। पुलिस आरोपियों के मोबाइलों को फोरेंसिक जांच के लिए भेज रही है, ताकि ये पता लग सके कि आरोपी अभी तक कितने लोगों की अश्लील वीडियो बना चुके हैं।
द्वारका जिला पुलिस उपायुक्त एम.हर्षवर्धन ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोहल्ला सर्वोदया नगर, पीएस पिलखुवा जिला हापुड़ यूपी निवासी विजय कुमार(22), मोहल्ला, चांदनी मंदिर सर्वोदय नगर, थाना पिलखुवा, जिला हापुड़ यूपी निवासी अंकुर(29), मोहल्ला अन्यू आर्या नगर थाना पिलखुवा, जिला हापुड़ यूपी निवासी दिनेश(24) और आरोपियों को फर्जी आईडी पर सिम देने वाले गांव कास्टला कासमाबाद हापुड़ यूपी निवासी दीपक कुमार(20) के रूप में हुई है। विजय कुमार ने वर्ष 2021 में गाजियाबाद, यूपी से बी. फार्मेसी किया हुआ है। उन्होंने बताया कि द्वारका साइबर थाना पुलिस को एक व्यक्ति ने शिकायत की थी कि वह महिला दोस्त के साथ द्वारका में स्थित ओयो होटल दी ग्रेट इन में गया था। उसे व उसकी दोस्त को 19 जनवरी को अज्ञात इंस्टाग्राम आईडी से उनका अश्लील वीडियो मिला। आरोपियों ने पांच लाख रुपये नहीं देने पर वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी।
मामला दर्जकर साइबर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर जगदीश कुमार व इंस्पेक्टर सुधीर कुमार की देखरेख में एसआई साहिल, एएसआई मुकेश व हवलदार प्रवीण की टीम ने जांच शुरू की। इंस्टाग्राम से डिटेल निकालने पर पता लगा कि जिस मोबाइल नंबर से फर्जी इंस्टाग्राम बनाया गया है वह पिलखुवा, हापुड़, यूपी निवासी मोनू टोंक के नाम जारी है। इसका पता फर्जी था। पुलिस टीम ने पिलुखवा, हापुड़ यूपी निवासी विजय कुमार के घर दबिश दी। पुलिस ने विजय कुमार, अंकुर व दिनेश को पूछताछ के लिए साइबर पुलिस स्टेशन बुलाया। पूछताछ के बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया।
पेशे से फार्मासिस्ट अधिक पैसे के लिए बनाता था वीडियो-
विजय पेशे से फार्मासिस्ट था। उसने फार्मेसी में डेढ़ साल काम किया। इसने मई, 2022 में द्वारका स्थित द होटल ग्रेट इन में नौकरी करना शुरू किया। इसके बाद उसने अपने साथियों अंकुर व दिनेश को भी होटल में नौकरी दिलवा दी। इनकी तनख्वाह पर्याप्त नहीं थी। ऐसे में ये अधिक पैसे कमाने के लिए होटल में आने वाले लोगों की वीडियो बना लेते थे। होटल में कमरों में लकड़ी की दीवार बनी हुई है। लकड़ी की प्लाई में बिजली के बटन के पास छेद होता था। उससे ये अपने मोबाइल से वीडियो बना लेते थे। विजय ने अगस्त, 22 में नौकरी छोड़ दी थी। अंकुर व दिनेश ने वीडियो बनाना जारी रखा।
फर्जी आईडी से सिमकार्ड पिलखुवा से लिया था-
आरोपियों ने बताया कि इन्होंने जनवरी, 2023 में फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाई थी। इन्होंने फर्जी सिमकार्ड पिलखुवा से लिया था। विजय फर्जी इंस्टाग्राम आईडी से अश्लील वीडियो भेजता था। आरोपियों ने पांच लाख रुपये नहीं देने पर वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी। आरोपी हर पीडि़त से पांच लाख रुपये मांगते थे। पुलिस ने इनके पास से सिमकार्ड के साथ पांच मोबाइल फोन, होटल के डीवीआर की हार्डडिस्क, जिओ के 54 खाली सिमकार्ड और बॉयोमेट्रिक मशीन बरामद की गई है।