जब पुलिस और छात्रों के परिजन दिल्ली गए तो पता चला कि दोनों बच्चे आनंद विहार रेलवे स्टेशन पर संदिग्ध हालत में घूम रहे थे। पूछताछ के दौरान दोनों छात्रों ने बताया कि वह अपनी क्लास में फेल हो गए थे। जिसके चलते उन्हें डर था कि परिजन द्वारा उनकी पिटाई की जाएगी। जिससे बचने के लिए पहले उन्होंने अपनी साइकिल बेची और मुंबई में हीरो बनने के लिए निकल पड़े। मामले में कोतवाली प्रभारी नीरज कुमार ने बताया कि दोनों बच्चों को बरामद कर लिया है। बच्चों ने अपहरण की झूठी कहानी बनाई थी, लेकिन परिजनों ने सख्ती से पूछा तो उन्होंने स्कूल में फेल होने की जानकारी कबूल की है।