गिरफ्तार आरोपियों की पहचान लक्ष्मी नगर निवासी पवन जायसवाल, पंजाब निवासी सनी उर्फ अमन राठौर और उप्र के मुजफ्फरनगर निवासी सलमान के रूप में हुई है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि 24 मई को लक्ष्मी नगर में एक किन्नर और उसके सहयोगियों को बंधक बनाकर बदमाशों ने लूटपाट को अंजाम दिया। बदमाश यहां से लाखों के गहने और नकदी लूटकर फरार हो गए। किन्नर ने पुलिस को बताया कि घर में घुसने के बाद बदमाश पहले उनके पैर छूए और उसे 500 भी दिए।
जिले की स्पेशल स्टाफ ने तकनीकी जांच शुरू की। घटनास्थल के आस पास रहने वालों के मोबाइल नंबरों का विश्लेषण किया और पुलिस ने घटनास्थल से लेकर 25 किलोमीटर तक लगे करीब 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरे की जांच की। पुलिस ने नया बांस सेक्टर-15 नोएडा तक लगे सीसीटीवी कैमरे को खंगाला। फुटेज से पता चला कि वारदात में शामिल चार बदमाश लक्ष्मी नगर में किसी व्यक्ति से बातचीत की थी। तकनीकी जांच से उसकी पहचान पवन जायसवाल के रूप में हुई। पवन जायसवाल जे एंड के ब्लॉक में पान की दुकान चलाता था। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। जिसमें उसने वारदात में शामिल होना स्वीकार कर लिया।
उसने बताया कि लॉकडाउन में उसे भारी नुकसान हुआ। उस पर लाखों का कर्ज हो गया। नुकसान से उबरने के लिए उसने किन्नरों को लूटने की साजिश रची। पवन ने सनी उर्फ अरमान राठौर को शामिल किया। 24 मई को सनी तीन अन्य साथियों के साथ वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने सनी को पंजाब के खन्ना से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि वारदात को अंजाम देने के बाद सभी नोएडा गए। वहां सामान बांटने के बाद सभी चले गए। जांच में पता चला कि वारदात में शामिल नहीं होने के बावजूद लूटपाट में हिस्सा लेने वाले सलमान को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अन्य बदमाशों की तलाश कर रही है। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार तीनों बदमाशों पर पहले से कोई मामला दर्ज नहीं है। सलमान अपनी कार को ओला और उबर के लिए चलाता है।