शिक्षकों ने कहा, पहले स्कूलों में छात्रों की संख्या के आधार पर शिक्षकों की नियुक्ति होती थी, अचानक हाजिरी के आधार पर शिक्षकों की संख्या निर्धारित हो रही।
एसीडी के स्कूलों में 5576 शिक्षक कम थे और बिना भर्ती हुए 500 शिक्षक अतिरिक्त हो गए। सिविक सेंटर पर धरने पर बैठे निगम स्कूलों के शिक्षकों ने शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर इस तरह के सवाल खड़े किए।
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शिक्षकों ने कहा, पहले स्कूलों में छात्रों की संख्या के आधार पर शिक्षकों की नियुक्ति होती थी, अचानक हाजिरी के आधार पर शिक्षकों की संख्या निर्धारित हो रही। स्कूलों में छात्रों की संख्या घट रही, आंकड़े छुपाने के लिए शिक्षा विभाग शिक्षकों को अतिरिक्त बताकर स्थानांतरित कर रहा। शिक्षकों के धरने का नेता विपक्ष राजा इकबाल सिंह ने समर्थन दिया।
राजा इकबाल सिंह ने धरने पर बैठे शिक्षकों से मुलाकात की और इन्हें पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि निगम स्कूलों में 40% तक छात्र घट गए हैं, जो यह दर्शाता है कि निगम स्कूलों में शिक्षा का स्तर गिर रहा है।
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शिक्षकों के धरने में सभी 12 जोन के शिक्षक शामिल थे। कुलदीप सिंह खत्री ने कहा मेयर इनकी समस्याएं जानते हुए नजरंदाज कर रहीं। शिक्षा विभाग इन्हें इनकी बात कहने से रोक रहा। लेकिन मजबूरन धरने पर बैठना पड़ा है।