कैंपस में सीसीटीवी न होना बड़ा कारण
कैंपस में मुख्य गेट से लेकर कुछ जगहों पर सीसीटीवी लगे हैं, लेकिन अधिकतर स्थानों पर न होने के कारण कैंपस में हादसों और दुर्घटनाओं की की सटीक जानकारी नहीं मिल पाती है। कैंपस में स्पीड ब्रेकर के बाद युवाओं के वाहनों की रफ्तार काफी अधिक रहती है। पिछले हादसों में रफ्तार बड़ा कारण रही है। इसीलिए सीसीटीवी होते तो पता रहता कि हादसे के दौरान असल में क्या हुआ था।
हादसे वाले गोदावरी बस स्टॉप पर रोशनी नहीं
पिछले दिनों कैंपस में गोदावरी बस स्टॉप के पास हादसा हुआ था। इसमें एक छात्र की मौत और अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। दरअसल, जिस जगह मोटरसाइकिल क्रेश हुआ था, वहां रोशनी नहीं थी। सड़क पर रोशनी की कमी के कारण आगे स्पीड ब्रेकर से लेकर सड़क की स्थिति की जानकारी नहीं मिल पाती है।
ट्रैफिक नियम लागू करने की मांग
जेएनयू एबीवीपी के अधिकारी विकास ने बताया कि उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन को इस संबंध में पत्र लिखा है । इसमें कैंपस में ट्रैफिक नियमों को सख्ती से लागू करवाने की मांग मुख्य है, ताकि रफ्तार पर रोक लगाई जा सके। इसके अलावा सड़कों की हालत दुरुस्त करने, स्पीड ब्रेकर की पहले से जानकारी के लिए साइन बोर्ड, सीसीटीवी आदि प्रमुख हैं। क्योंकि ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन होगा तो चालान आदि के डर से छात्र खुद ही रफ्तार कम रखेंगे। देर शाम से रात को हादसों का खतरा अधिक रहता है। क्योंकि कैंपस बिल्कुल सुनसान हो जाता है।