रबूपुरा के आंबेडकर निवासी मकान मालिक ने जानकारी दी थी कि सचिन ने उन्हें सीमा को अहमदगढ़ निवासी बताकर कमरा किराये पर लिया था। उसने कहा था कि उसकी रिश्तेदारी में रहने वाली महिला से उसकी शादी हुई है। अहदमगढ़ के पास बड़ा गांव में सचिन की बुआ रहती हैं। बताया जा रहा है कि उन्हीं के परिवार के दो युवकों ने सचिन की मदद की थी।
बिना वीजा के पाकिस्तानी सीमा हैदर के 50 दिन छुपकर रबूपुरा में रहने और फर्जी ढंग से आधार कार्ड बनवाने के अमर उजाला के खुलासे के बाद पुलिस गहन जांच में जुटी है। शुक्रवार को एक वरिष्ठ अधिकारी ने जानकारी दी थी कि बरामद किए गए तीन आधार कार्ड बनवाने के लिए फर्जी दस्तावेज का इस्तेमाल किया है। उन्होंने आधार कार्ड बरामदगी में मदद करने वालों की तलाश में टीम जुटने की भी जानकारी दी थी। इससे पहले सूत्रों ने जानकारी दी थी कि आधार कार्ड एडिट कर बनाए गए हैं।
इन्हीं आधार कार्ड का इस्तेमाल कर सीमा हैदर के नेपाल में रहने और बस में सुरक्षाकर्मियों की गहन जांच से बचने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि आधार कार्ड बरामदगी के बावजूद पुलिस ने दर्ज किए गए केस में धोखाधड़ी की धारा नहीं लगाई थी। जिसके चलते सचिन और सीमा को जल्द जमानत मिल गई थी। अब बुलंदशहर के अहमदगढ़ में की गई कार्रवाई के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द पुलिस गहन जांच कर इस मामले का अधिकारिक खुलासा करेगी।
सचिन से पूछताछ के बाद कार्रवाई
सचिन से सोमवार को एटीएस ने पूछताछ की थी। आशंका है कि इसी पूछताछ में मिली जानकारी के बाद जांच टीम ने रविवार को कार्रवाई की है। इधर, रबूपुरा में रविवार को भी बीमार होने के कारण सीमा ने मीडिया से दूरी बनाए रखी। सचिन भी मीडिया के सामने नहीं आया। परिजन दोनों की तबीयत खराब होने का हवाला देते रहे। हालांकि मीडियाकर्मी रबूपुरा में जमे रहे।