अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली के अलग-अलग अस्पतालों में राष्ट्रीय अंगदान दिवस पर सोमवार को जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुए। इस अवसर मॉडल टाउन स्थित निजी अस्पताल में लोगों को अंगदान का संकल्प दिलाया गया। अस्पताल के नेफ्रोलॉजी विभाग के डॉ. बीएस सोलंकी ने कहा कि अंगदान एक जीवन का अंत नहीं बल्कि कई नए जीवन की शुरुआत है।किसी को दूसरा जीवन देना मानवता का सबसे बड़ा कार्य है। भारत में हर वर्ष दो लाख से अधिक लोगों को किडनी प्रत्यारोपण की आवश्यकता होती है। लेकिन केवल लगभग 10 हजार मरीजों को ही प्रत्यारोपण मिल पाता है। यह अंतर मृतक अंगदान की आवश्यकता को स्पष्ट करता है।