डीसीपी ग्रामीण विवेक यादव ने बताया कि पिंकी कई साल से अपने पति सौरभ अग्रवाल से अलग रह रही थी। हाल में भाई के साथ गढ़ी चौखंडी में रह रही थी। पिंकी का भाई डिंपल गुप्ता गौतमबुद्धनगर के गांव बाजिदपुर सेक्टर-63 में राकेश यादव के यहां ट्रैक्टर चलाता था। वहीं से वह राकेश की साली के संपर्क में आया और उसने 12 साल पहले अलीगढ़ के गांव पनहैरा निवासी सुमन यादव से प्रेम विवाह कर लिया। पूछताछ में सुमन ने बताया कि उसकी ननद पिंकी का संपर्क उनके भाई नन्हे से हो गया। नन्हे की पत्नी की मौत हो चुकी है। उनका एक बेटा है। सुमन ने बताया कि पिंकी के नन्हे से अवैध संबंध हो गए थे। पिंकी उस पर शादी करने का दबाव बनाने लगी और ब्लैकमेल करने लगी थी। इससे समाज में उनकी बदनामी हो रही थी।
अलग किराये का कमरा दिलाने के बहाने ले जाकर की हत्या
पूछताछ में पता चला कि साजिश के तहत 19 अगस्त को सुमन पिंकी को डासना में अलग किराये का कमरा दिलाने के लिए राकेश, मनोज और नन्हे के साथ कार में ले गई। वहां कमरा दिखाने के बाद सुमन ने राकेश, मनोज और नन्हे से खाना लाने के लिए कहा। इतने सुमन और पिंकी वहीं रहीं। उनके वापस आने पर सुमन पिंकी को कार में फिर से ले गई और रास्ते में कोल्डड्रिंक में नींद की गोलियां दे दी। पिंकी के बेसुध होने पर वे उसे रजवाहे में ले गए और वहां बहते पानी में डूबा कर उसकी हत्या कर दी और उसे वहीं छोड़ दिया था। डीसीपी ने बताया कि पिंकी के कपड़ों में रखी एक पर्ची पर लिखे मोबाइल नंबरों से घटना का खुलासा हुआ है।