गाजियाबाद में नंदग्राम के गांव सिकरोड में बृहस्पतिवार सुबह करीब साढ़े सात बजे दूध लेकर घर लौट रहे गांव के ही युवक अर्पित (19) पर पिटबुल कुत्ते ने हमला कर दिया। कई जगह दांत और नाखून लग जाने के बाद अर्पित ने जैसे ही बचाव के लिए दूध का डब्बा आगे किया, वैसे ही कुत्ते को घुमा रहा युवक सुंदर आग बबूला हो गया। अर्पित का कहना है कि उसने पहले खतरनाक नस्ल के कुत्ते से गले से चेन निकालकर उस पर हमला किया।
इसके बाद लोहे की राॅड से पीटा। पिता जितेंद्र शर्मा उसे बचाने के लिए आए तो उन पर भी प्रहार किए गए। सुंदर के पिता बिजेंद्र ने भी हमला किया। पुलिस ने जानलेवा हमले की धारा में केस दर्ज कर नामजद पिता-पुत्र को गिरफ्तार कर लिया है।
इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रहे सिकरोड गांव के निवासी अर्पित ने बताया कि उसे देखते ही कुत्ता भौंकने लगा। उसने सुंदर से कहा कि कुत्ते को ठीक से पकड़े। इसी बीच कुत्ते ने हमला कर दिया। उससे बचने के लिए उसने दूध का स्टील का डिब्बा आगे कर दिया। यह देख सुंदर ने कुत्ते के गले से चेन निकाल ली। वह कुछ समझ पाता, इससे पहले ही उसने चेन से हमला कर दिया।
वह इस कदर आपा खो बैठा कि चेन से गला दबाकर जान लेने तक का प्रयास कर दिया। वह किसी तरह छूटकर भागा तो सुंदर लोहे की राॅड ले आया और उसके सिर में दे मारी। उसका साथ देने के लिए उसके पिता बिजेंद्र भी आ गए। अर्पित ने पुलिस को बताया कि सुंदर और बिजेंद्र ने उस पर और उसके पिता पर लोहे की राड से हमला किया। कई लोगों के आ जाने के बाद उन्होंने हमला बंद किया और चले गए।
स्कूल चलाने वाले जितेंद्र शर्मा ने बताया कि बेटे को कुत्ते के हमले से ज्यादा जख्म नहीं आए हैं। लेकिन, कुत्ते के मालिक ने जो हमला किया, वह गंभीर था। बेटे के सिर में गहरी चोट आई है। डाक्टर ने छह टांके लगाए गए हैं।