देर शाम को ही पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार के हवाले कर दिया गया है। क्राइम टीम के अलावा एफएसएल की टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने अमित का मोबाइल व अन्य सामान कब्जे में लेकर कमरे को सील कर दिया है। परिजनों से पूछताछ कर मामले की छानबीन की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक अमित जैन अपने परिवार के साथ अक्षरधाम मंदिर के नजदीक बने खेलगांव स्थित टावर नंबर-13 में किराए के मकान में रहते थे। इनके परिवार में पत्नी नीतू जैन, बेटी खुशी और बेटा आदित्य है। अमित कौशांबी स्थित होटल ब्लू के मालिक थे। यह अपने भाई के साथ मिलकर होटल को चलाते थे। परिवार ने शुक्रवार को ही नोएडा में अपना मकान शिफ्ट गया था। पत्नी और बच्चे वहां शिफ्ट हो गए थे जबकि अमित रात के समय यहीं रुक गए थे।
दोपहर में कार चालक के पहुंचने पर हुआ खुलासा
दोपहर करीब 12 बजे अमित का कार चालक घर पहुंचा तो देखा कि उनका दरवाजा अंदर से बंद है। काफी खटखटाने के बाद वह भी दरवाजा नहीं खोल रहे हैं। चालक ने सोसायटी वालों को खबर दी। बाद में 12.30 बजे पुलिस को खबर दी गई। दरवाजा तोड़कर देखा गया तो अमित अंदर कमरे में पंखे से लटके थे। फौरन उनको फंदे से उतारकर मैक्स अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनको मृत घोषित कर दिया गया। खबर मिलते ही अमित का परिवार भी अस्पताल पहुंच गया। शव को कब्जे में लेकर एलबीएस अस्पताल की मोर्चरी भेजा गया।
कोरोना काल में होटल व्यवसाय में हुआ था भारी नुकसान
पारिवारिक सूत्रों ने बताया कि कोविड के दौरान होटल व्यवसाय को काफी नुकसान हुआ था। अमित और उनके भाई भी इसका शिकार हुए थे। काम को दोबारा पटरी पर लाने के लिए इन्होंने कई बैंकों से कई सौ करोड़ का लोन लिया था। लेकिन वह लोन नहीं चुका पा रहे थे। माना जा रहा है कि उन्होंने इसकी वजह से यह कदम उठाया। पुलिस अमित के मोबाइल व लैपटॉप की पड़ताल कर सुसाइड नोट की तलाश कर रही है। फिलहाल उनके कमरे से कोई सुसाइड नोट पुलिस को नहीं मिला है। पुलिस घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से मामले की छानबीन कर रही है।