पुन्हाना। डॉ. विनोद गोयल हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपियों की निशानदेही पर हरिद्वार में तलाशी अभियान चलाकर पुलिस ने मृतक के कपड़े, चश्मा, चप्पल सहित अन्य सामान बरामद किया। परिजनों ने मोबाइल पर भेजी तस्वीरों से सभी सामान की पहचान कर ली।
जानकारी के अनुसार, 29 अगस्त से लापता डॉ. गोयल का शव 31 अगस्त को गंगा से बरामद हुआ था। पहचान न हो पाने के कारण तीन सितंबर को हरिद्वार प्रशासन ने अंतिम संस्कार कर दिया था। अब बरामद सामान मामले में अहम साक्ष्य बन सकता है।
पुलिस ने मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दीपक को 10 दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है, जबकि दूसरे आरोपी को लखनऊ से पकड़ा गया। बरामद सामान कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुन्हाना लाया जाएगा और अदालत में केस के साक्ष्य के रूप में पेश किया जाएगा।
पुलिस का कहना है कि बरामद सामान और गवाहियों के आधार पर हत्याकांड की पूरी सच्चाई सामने लाने का प्रयास किया जा रहा है। शहरवासियों और क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने कड़ी कार्रवाई की मांग की है।