- मुख्यमंत्री से वकीलों ने की एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट की मांग
- वकील वीरेंद्र नरवाल की दिनदहाड़े हुई हत्या पर जताई चिंता
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली की सभी जिला न्यायालय बार एसोसिएशन की समन्वय समिति के प्रतिनिधियों ने शनिवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मुलाकात कर वकील वीरेंद्र नरवाल की हत्या पर चिंता जताते हुए एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट की मांग की। वहीं मुख्यमंत्री ने भी वकीलों को अधिकार क्षेत्र में हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री से वकीलों ने कहा कि सरकार वकीलों के लिए अच्छा काम कर रही है, लेकिन एक अप्रैल को वकील वीरेंद्र कुमार नरवाल की दिनदहाड़े हुई हत्या के बाद वकील काफी चिंतित हैं। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए दिल्ली एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लाने की जरूरत है।मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मसले पर दिल्ली सरकार के अधिकार क्षेत्र में जो भी संभव है, वह मदद की जाएगी। मामले पर समन्वय समिति के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री को एक मांग पत्र भी सौंपा। इसमें वकीलों ने लिखा कि वकील न्याय वितरण प्रणाली के जरूरी अंगों में से एक हैं। इसके बावजूद आज तक वकीलों को उचित सुरक्षा या कोई विशेषाधिकार नहीं दिया गया है।
वकीलों को मिलती हैं धमकियां
मांग पत्र में यह भी कहा गया कि दिल्ली की अदालतों के अंदर और बाहर वकीलों के विपरीत मुवक्किलों द्वारा हत्याओं, हिंसक हमलों, गंभीर चोटों, डराने-धमकाने, संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की घटनाओं का एक लंबा इतिहास रहा है। वकीलों को लगातार धमकी मिलती रहती हैं। दिल्ली में ऐसे अपराधों को संज्ञेय और गैर-जमानती बनाने के लिए एक प्रभावी कानून बनाना चाहिए। इसके लिए समिति ‘द दिल्ली एडवोकेट्स (प्रोटेक्शन) बिल 2023’ का प्रारूप प्रस्तुत किए जाने के लिए तैयार है।