प्राधिकरण की लापरवाही से ग्रामीणों को नहीं मिल रहा कनेक्शन
ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो प्राधिकरण की लापरवाही के कारण दिल्ली-मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर (डीएमआईसी) परियोजना से प्रभावित बोड़ाकी गांव के ग्रामीणों को बिजली कनेक्शन नहीं मिल पा रहा है। इन ग्रामीणों को गांव से दूसरी जगह शिफ्ट किया गया है। आरोप है कि प्राधिकरण ने अभी तक शिफ्टिंग के भूखंडों का आवंटन पत्र नहीं दिया है। बिना कागजात एनपीसीएल ने कनेक्शन देने से इनकार कर दिया है। बोड़ाकी गांव की कुछ जमीन डीएमआईसी परियोजना में आ रही है। शिफ्टिंग में ग्रामीणों को जुनपत गांव के पास भूखंड दिए गए हैं। 20 से अधिक ग्रामीणों ने मकान भी बना लिए हैं। आवंटन पत्र मिलने के बाद एनपीसीएल ने कनेक्शन जारी कर दिया, लेकिन इस समय 20 से अधिक ग्रामीण अपने भूखंड पर निर्माण करा रहे हैं। उन्हें बिजली की आवश्यकता है, लेकिन कनेक्शन लेने के लिए आवंटन पत्र नहीं दिया। ग्रामीणों ने प्राधिकरण में शिकायत की। प्राधिकरण ने एनपीसीएल के अफसरों को निर्देशित किया और खसरा नंबर के साथ ग्रामीणों की सूची भेजी। एनपीसीएल के अफसरों का कहना है कि सूची 122 खसरा नंबरों की है। एक खसरा नंबर में कई नाम दर्ज हैं। साथ ही खसरा नंबर बोड़ाकी गांव के हैं। जिन भूखंड में कनेक्शन दिया जाना है, उनसे संबंधित कोई दस्तावेज नहीं है। इस कारण कनेक्शन जारी नहीं किया जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्राधिकरण की लापरवाही से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।