नोएडा। आईएमएस के स्कूल ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन द्वारा आयोजित ‘पत्रकारिता और डॉक्यूमेंट्री की नई सीमाएं’ विषय पर वेबिनार के दौरान विशेषज्ञों ने ग्राउंड रिपोर्टिंग और पत्रकारों की सुरक्षा के मुद्दे पर सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी विरोध-प्रदर्शन या संवेदनशील स्थिति में पत्रकार की व्यक्तिगत सुरक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए। कार्यक्रम संयोजक प्रो. सचिन बत्रा ने नो निगेटिव मंडे जैसी पहलों का उल्लेख किया और कहा कि मीडिया को केवल सनसनीखेज खबरों तक सीमित न रहकर समाधान आधारित और सकारात्मक खबरों को भी प्राथमिकता देनी चाहिए। ब्यूरो