बांग्लादेश की प्रधानमंत्री के हस्तक्षेप से सोनिया अख्तर को इंसाफ की आस
- जी-20 में दिल्ली पहुंची शेख हसीना ने पीड़िता की शिकायत भारत सरकार को कार्रवाई के लिए भेजी
- हिंदुस्तानी शख्स से निकाह कर 40 दिन से पति को पाने व न्याय के लिए भटक रही है पीड़िता
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। हिंदुस्तानी पति की तलाश और न्याय की आस में भारत में आकर 40 दिन से भटक रही बांग्लादेशी सोनिया अख्तर को इंसाफ की आस जगी है। बांग्लादेशी हाईकमीशन के माध्यम से की गई सोनिया अख्तर की शिकायत को जी-20 में आईं बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने अग्रिम कार्रवाई के लिए भारत सरकार को प्रेषित किया है। यह जानकारी सोनिया अख्तर व सुप्रीम कोर्ट के वकील एपी सिंह ने दी है।
बांग्लादेश से आई सोनिया अख्तर पहले ग्रेटर नोएडा में रहकर गौतमबुद्ध नगर पुलिस से न्याय की मांग कर रही थी। सोनिया अख्तर का कहना था कि ग्रेटर नोएडा में रहने वाले उसके पति सौरभ कांत तिवारी ने बांग्लादेश में उससे धोखा देकर विवाह किया था। सौरभ ने बताया था कि उसकी पहली पत्नी की मृत्यु हो गई है। इसके बाद सौरभ ने पहले धर्म परिवर्तन किया और फिर निकाह किया। इसके बाद पहली पत्नी की शिकायत पर सौरभ को बांग्लादेश की कंपनी ने हटा दिया और वह भारत आ गया। सोनिया अख्तर सवा साल के बेटे को लेकर बांग्लादेश से भारत आई है। सोनिया का कहना है कि वह बेटे को उसके पिता का हक दिलाकर रहेगी। अब सोनिया की सीमा हैदर के वकील एपी सिंह मदद कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि सोनिया की शिकायत बांग्लादेश हाईकमीशन को दी गई थी। हाईकमीशन ने शेख हसीना को पूरे मामले से अवगत कराकर शिकायत दी है। अब शेख हसीना ने इस शिकायत को कार्रवाई के लिए भारत सरकार व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को प्रेषित किया है। इसमें सोनिया अख्तर ने पति सौरभ पर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।