जनसेवा केंद्र संचालक दोनों भाइयों को अहमदगढ़ से काले रंग के वाहन में हिरासत में लेने का दावा करता सीसीटीवी फुटेज भी वायरल है। इसके बावजूद प्रमोद व पवन मीणा के खिलाफ दर्ज की गई एफआईआर में सीमा हैदर व सचिन या उनके रिश्तेदार के नाम नहीं होने पर कई सवाल उठ रहे हैं।
बुलंदशहर के अहमदगढ़ में रविवार को गौतमबुद्ध नगर पुलिस के सचिन को साथ ले जाकर दबिश देने की खबरें सामने आईं थीं। लोगों ने जानकारी दी थी कि पुलिस टीम सचिन के एक रिश्तेदार व जनसेवा केंद्र चलाने वाले दो भाइयों को हिरासत में लेकर आई है। पुलिस टीम जनसेवा केंद्र से काफी सामान भी बरामद कर लाई थी। सचिन के अहमदगढ़ के रिश्तेदारों के वीडियो भी सामने आए थे। जिसमें वह जानकारी दे रहे थे कि सचिन को साथ लाकर पुलिस ने कार्रवाई की है।
उम्मीद जताई जा रही थी कि सीमा हैदर व सचिन की गिरफ्तारी के दौरान बरामद किए गए तीन आधार कार्ड के मामले में कार्रवाई की गई है। अमर उजाला ने मंगलवार को दोनों भाइयों प्रमोद व पवन मीणा को जेल भेजने का समाचार प्रकाशित किया और ये भी सवाल उठाया कि पुलिस ने ये जानकारी नहीं दी कि दोनों को किस मामले में जेल भेजा गया। मंगलवार रात को पुलिस ने बताया कि दोनों भाइयों को फर्जी आधार कार्ड बनाने में जेल भेजा गया, लेकिन सीमा व सचिन के मामले का एफआईआर में जिक्र नहीं था। गिरफ्तारी भी मुखबिर की सूचना पर दादरी से होने का दावा किया गया।
यूपी के कई जिलों और हरियाणा तक फर्जीवाड़े का नेटवर्क
सीमा हैदर और सचिन पर केस रबूपुरा में दर्ज किया गया। जिसकी जांच जेवर पुलिस कर रही है। लेकिन आधार कार्ड फर्जीवाड़े के पूरे मामले में कार्रवाई दादरी पुलिस ने की है। आरोपियों का नेटवर्क यूपी के कई जिलों के अलावा हरियाणा में था। आरोपियों से कई लोगों के फर्जी आधार कार्ड बरामद किए हैं। इन लोगों की जांच भी जरूरी है, ये लोग भी किसी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त हो सकते हैं।
इनके बरामद हुए फर्जी आधार कार्ड
दादरी पुलिस ने जनसेवा केंद्र से आगरा के कुबेरपुर के फरीद खान, कानपुर के शाहपुर निवासी मुजिम, गौतमबुद्ध नगर के प्रदीप, आगरा के अजय भाटी, रन्हेरा के फिरोज खान, बुलंदशहर हसनगढ़ की रेखा देवी, आगरा अछनेरा के अजय कुमार भाटी, मथुरा के शहबाज, बरेली के इब्राहिम, हरियाणा के चांदपुर के गुलशेर, पहासू दानपुर के गौरव कुमार, बुलंदशहर के आसिफ, मथुरा के आमिर खान और बुलंदशहर कीरतपुर की विमला देवी नाम के फर्जी आधार कार्ड बरामद किए हैं।
दादरी पुलिस द्वारा फर्जी आधार कार्ड मामले में की गई कार्रवाई का सीमा हैदर और सचिन केस से कोई लेना देना नहीं हैं। जनसेवा केंद्र चलाकर फर्जी आधार कार्ड बनाने का अलग मामला है। - साद मियां खान, डीसीपी ग्रेटर नोएडा