पौने सात किमी में विकसित होगा हेरिटेज सिटी
ग्रेटर नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे से वृंदावन श्रीकृष्ण बांके बिहारी मंदिर का पौने सात किमी तक ही दोनों ओर हेरिटेज सिटी के रूप में विकसित किया जाएगा। इसमें चार किमी तक औद्योगिक शहर और करीब पौने तीन किमी तक रीवर फ्रंट के रूप में विकसित किया जाएगा। यह योजना इसलिए बनाई है कि ताकि वहां पर कोई अतिक्रमण न हो सके। यह एक्सप्रेसवे छह लेन का और 500-500 मीटर चौड़ा होगा। कॉरिडोर के दोनों ओर हेरिटेज सिटी बसाई जाएगी। यमुना एक्सप्रेसवे से श्रद्धालु ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे से उतरकर पांच सौ मीटर की दूरी पैदल चलकर श्रीबांके बिहारी मंदिर पहुंच जाएंगे। कॉरिडोर के पास में ही उन्हें पार्किंग की भी सुविधा मिलेगी। इससे पहले यमुना एक्सप्रेसवे से 16 किमी लंबा एक्सप्रेसवे बनाने की योजना थी। यमुना प्राधिकरण के राया कट के पास इंटरचेंज बनाकर सीधे यमुना एक्सप्रेसवे और ब्रज विकास परिषद द्वारा बनाए जा रहे पुल से जोड़ा जाएगा। इसके दोनों ओर पर्यटन, वाणिज्यक व संस्थागत भूखंड आवंटित किए जाएंगे। हेरिटेज सिटी को पीपीपी माडल पर बनाया जाएगा। एक्सप्रेस वे के निर्माण पर करीब साढ़े सात सौ करोड़ रुपये खर्च होंगे। वहीं, इस पर कोई टोल टैक्स नहीं नहीं लेगा। बल्कि प्राधिकरण खर्च आदि की भरपाई हेेरिटेज सिटी में भूखंड आवंटन कर करेगा।
दिखेगी द्वापर युग और संस्कृति की झलक
कॉरिडोर के दोनों ओर पांच-पांच सौ मीटर जमीन अधिग्रहीत की जाएगी। यहां एक म्यूजियम भी बनाया जाएगा। जिसमें द्वापर काल के नंदगांव, बरसाना, गोकुल और रिवर फ्रंट आदि विकसित किए जाएंगे। यहां कथा वाचनालय केंद्र बनेंगे। कॉरिडोर से श्रद्धालुओं का वृंदावन पहुंचना आसान हो जाएगा। वहीं, पर्यटकों एवं श्रद्धालुओं को जन्माष्टमी, बरसाने की होली आदि के मौके पर भीड़ और जाम का भी अधिक सामना नहीं करना होगा और वे मंदिर तक पहुंचने में आसानी होगी।