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नोएडा: अंतरराष्टï्रीय ऑनलाइन गेमिंग फ्रॉड के गिरफ्तार इंडिया हेड सचिन सोनी को नोएडा लेकर पहुंची पुलिस

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इंडिया हेड सचिन सोनी को नोएडा लेकर पहुंची पुलिस
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400 करोड़ का ऑनलाइन गेमिंग फ्रॉड करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह के खुलासे का मामला

पुलिस ने बुधवार रात आरोपी को झांसी से किया गिरफ्तार
टीमों ने आठ घंटे तक की लगातार पूछताछ, कई अहम जानकारियां दीं

माई सिटी रिपोर्टर

नोएडा। चार सौ करोड़ से अधिक के अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन गेमिंग फ्रॉड गिराेह के इंडिया हेड सचिन सोनी को पुलिस झांसी से गिरफ्तार कर नोएडा ले आई। बृहस्पतिवार को यहां पहुंचते ही पुलिस की टीमों ने उससे आठ घंटे तक लगातार पूछताछ की। इसमें उसने कई अहम जानकारी दी है और गिरोह के अंतरराष्ट्रीय सरगना सौरभ चंद्राकर के बारे में भी बताया है। पुलिस ने बुधवार रात गृह जनपद झांसी से सचिन को गिरफ्तार किया था।

एसीपी रजनीश वर्मा के नेतृत्व में कोतवाली सेक्टर-39 पुलिस की टीम ने सेक्टर-108 स्थित मकान नंबर डी-309 में दबिश देकर 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इस कोठी को किराए पर लेकर गेमिंग एप का अड्डा बना रखा था और यहां लगाए गए सेटअप से गेम खिलवाने से लेकर सट्टा लगवाया जाता था। आरोपी डेढ़ महीने से इस मकान में सेटअप तैयार कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गेम और सट्टा खिलवा रहे थे। इस गिरोह के सरगना दुबई में रहने वाला सौरभ चंद्राकर समेत नौ आरोपी फरार हैं। इन आरोपियों के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया गया है। मुख्य सरगना सौरभ ने गिरफ्तार आरोपी सचिन सोनी को एक तरह से इंडिया हेड बनाकर रखा था। इसके नेतृत्व में नोएडा का फर्जी सेटअप चल रहा था।
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सौरभ की शादी में दुबई जाने की तैयारी में था

गिरोह का अंतरराष्ट्रीय सरगना सौरभ दुबई में बैठकर अपना नेटवर्क कई देशों में चला रहा है। उसने अपना सॉफ्टवेयर डेवलप कर महादेव नामक एक गेमिंग एप बनाया था। सौरभ की शादी 14 फरवरी को दुबई में होने वाली है। सचिन सौरभ की शादी में शामिल होने के लिए दुबई जाने वाला था।
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एक साथ तीन लोग खेलते थे गेम
पूछताछ में सोनी ने बताया कि वह इंडिया हेड के तौर पर काम देखता था, जबकि नीरज गोस्वामी पूरा मैनेजमेंट देखता था। नीरज का सौरभ से सबसे अच्छा और नजदीकी संबंध है। बताया जाता है कि नीरज बैंकाक में है। पूछताछ में पता चला कि जब गेम खिलवाया जाता था तो उस वक्त गैंग के तीन लोग सबसे महत्वपूर्ण तरीके से काम करते थे। एक शख्स लैपटॉप पर तो दूसरा व्हाट्सएप पर चैट कर ग्राहकों को बुलाता था, जबकि तीसरा शख्स पेमेंट देखता था।
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