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Noida News: सपा-बसपा ही नहीं सभी विपक्षी दलों का सूपड़ा साफ

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सपा-बसपा ही नहीं सभी विपक्षी दलों का सूपड़ा साफ
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- खुद की पकड़ मजबूत करने के बजाय भाजपा के बिखरने से जीत की आस लगाए रहे दूसरे दल
- टिकट से नाखुश निर्दलियों को फिर से भारतीय जनता पार्टी से जोड़ने के लिए प्रयास हुए तेज
जेपी शर्मा
ग्रेटर नोएडा। लोकसभा चुनाव के पूर्वाभ्यास के रूप में देखे जा रहे नगर निकाय चुनाव में गौतमबुद्ध नगर में सपा, बसपा ही नहीं अन्य सभी पार्टियों का सूपड़ा साफ हो गया है। जिन पांच सीटों पर चुनाव हुए उनमें दो में भाजपा व तीन में निर्दलीय प्रत्याशियों ने जीत हासिल की है। जिले में विपक्षी दल खुद की जमीन मजबूत करने से अधिक टिकट से नाखुश बागियों के प्रदर्शन से होने वाले लाभ से जीत की आस लगाए रहे। इसके चलते उन्हें सभी पांचों सीटों पर हार का मुंह देखना पड़ा। इधर, चुनाव परिणाम की घोषणा के बाद अब टिकट न मिलने से नाराज होकर निर्दलीय चुनाव लड़कर जीतने वाले प्रत्याशियों व अन्यों को फिर से भाजपा में जोड़ने के भी प्रयास तेज हो गए हैं।
बसपा मुखिया मायावती का गृह जनपद गौतमबुद्ध नगर कभी पार्टी का गढ़ माना जाता था, लेकिन उनके गढ़ में ही प्रत्याशियों को करारी हार का सामना करना पड़ा है। केवल जहांगीरपुर में बसपा दूसरे स्थान पर रही और विजय प्रत्याशी को टक्कर देने में कामयाब रही। यहां भी भाजपा से टिकट मांग रहे चाचा भतीजे जयप्रकाश शर्मा और मूलचंद शर्मा के चुनाव लड़ने के कारण बसपा दूसरे स्थान तक पहुंच पाई और निर्दलीय गजेंद्र सिंह ने जीत हासिल की। वहीं, समाजवादी पार्टी इस बार निकाय चुनाव में काफी जोर शोर से उतरी थी और जीत का दावा कर रही थी, लेकिन पांच सीटों में से केवल दो सीट पर वह दूसरे स्थान तक पहुंचने में कामयाब रही।
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जेवर सीट के टिकट को लेकर जिले में सपा रालोद से अलग हुई थी। लेकिन इस सीट पर निवर्तमान अध्यक्ष को भी सपा के टिकट से हार का सामना करना पड़ा। कांग्रेस, आम आदमी पार्टी तो किसी भी सीट पर उपविजेता भी नहीं बन पाई। आम आदमी पार्टी जिले में पैर जमाने से पहले ही फिसलती नजर आई। यही हाल आजाद समाज पार्टी का भी रहा, लेकिन विपक्ष के बुरी तरह हारने के बावजूद भाजपा पांच में से केवल दो सीट हासिल कर पाई। इसमें से भाजपा ने रबूपुरा की एक सीट तो चुनाव से पहले ही निर्विरोध हासिल कर ली थी। विपक्ष की कमजोरी और भाजपा की गुटबाजी के चलते जिले में तीन निर्दलीय प्रत्याशी जीत हासिल करने में कामयाब हो गए।
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एयरपोर्ट की करीबी जेवर सीट पर सबसे बुरी हार
जेवर में निर्माणाधीन नोएडा एयरपोर्ट को देश ही नहीं विश्व भर में भारतीय जनता पार्टी एक उपलब्धि के रूप में पेश कर रही है। विधानसभा, निकाय चुनाव में नोएडा एयरपोर्ट के नाम लेकर प्रचार भी किया गया। अब नोएडा एयरपोर्ट का प्रचार लोकसभा चुनावों में भी करने की तैयारी है। इसके बावजूद एयरपोर्ट के करीबी जेवर नगर पंचायत सीट पर भाजपा को करारी हार झेलनी पड़ी। इसके अलावा जहांगीरपुर में भी हार का मुंह देखना पड़ा। हालांकि इन सबके पीछे जिले में चल रही गुटबाजी का हाथ बताया जा रहा है। सूत्रों का कहना है कि जेवर, जहांगीरपुर सीट पर हार को लेकर स्थानीय भाजपाई मंथन में जुटे हैं और रिपोर्ट हाईकमान को भेजने की तैयारी है।
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