नैनीताल बैंक का आरटीजीएस चैनल हैक कर साइबर अटैक कर खाते से 16 करोड़ से अधिक के फ्रॉड के मामले में साइबर क्राइम पुलिस को लगातार कामयाबी मिल रही है। साइबर टीम ने बृहस्पतिवार को 25 लाख रुपये फ्रीज कराए। इससे पहले डेढ़ करोड़ की रकम फ्रीज कराए थे। पुलिस को मुंबई, दिल्ली व यूपी के अलग-अलग अब 70 खातों की जानकारी मिली है। जिन्हें फ्रीज करा दिया गया है। अब पुलिस की टीम इस मामले में साइबर एक्सपर्ट की भी मदद ले रही है। पुलिस अधिकारियों का दावा है कि इस मामले में जल्द ही पुलिस को सफलता मिलेगी।
नोएडा के सेक्टर-62 स्थित नैनीताल बैंक के आईटी मैनेजर सुमित कुमार श्रीवास्तव ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत की थी कि बैंक के आरटीजीएस ( रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट) चैनल को हैक करके 16 करोड़ की जालसाजी कर ली गई। इस मामले की प्राथमिक जांच में पता चला कि हैकर्स ने मालवेयर अटैक या कोई लिंक भेजकर मैनेजर का एक्सेस कोड हासिल कर लिया और मास्टर सर्वर को हैक कर लिया था।
इसके बाद बैंक के मास्टर रिजर्व से पहले से तैयार 84 खातों में रकम भेज दी थी। इस घटना में बैंक के खाताधरकों के व्यक्तिगत अकाउंट में सेंधमारी नहीं की गई है। बल्कि बैंक के मास्टर रिजर्व से पैसे निकाले गए थे। इस मामले की जांच के बाद साइबर क्राइम पुलिस को उन 70 खातों की जानकारी मिल गई है। जिनमें फ्रॉड की रकम ट्रांसफर की गई है।
पुलिस की टीम उन खाताधारकों के नजदीक पहुंच गई है। इस मामले में एक सबसे अहम जानकारी मिली है कि जालसाजों ने कुछ रकम अलग अलग शहरों के एटीएम से निकाले हैं। इनमें दिल्ली के भी कुछ एटीएम शामिल है। साइबर क्राइम थाने के प्रभारी निरीक्षक विजय कुमार का कहना है कि इस मामले की जांच चल रही है और अब तक 1 करोड़ 75 लाख रुपये फ्रीज कराए गए हैं और 70 खातों की भी जानकारी मिली है।