एक्वा लाइन के सेक्टर-142 से ब्लू और मजेंटा लाइन के बॉटेनिकल गार्डन स्टेशन को जोड़ने वाली प्रस्तावित मेट्रो लाइन से कई और आवासीय इलाकों को जोड़ा जाएगा। नई लाइन की लंबाई और स्टेशन भी बढ़ाने के संकेत हैं। अगले सप्ताह नोएडा मेट्रो रेल निगम (एनएमआरसी), दिल्ली मेट्रो रेल निगम (डीएमआरसी) और प्राधिकरण के अधिकारी सर्वे कर नई लाइन की संभावना तलाशेंगे।
डीएमआरसी ने परियोजना की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कर जून में ही प्राधिकरण को सौंप दी थी। इसमें नोएडा एक्सप्रेसवे के साथ-साथ 11.5 किलोमीटर लंबी लाइन पर पांच स्टेशन बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया। इन स्टेशनों में सेक्टर-91,98, 97, 125 और बॉटेनिकल गार्डन के नाम शामिल किए गए।
वहीं, एक्सप्रेसवे के किनारे मेट्रो लाइन के निर्माण को मुफीद नहीं मानते हुए इसे आवासीय सेक्टरों के बीच बनाने के लिए दूसरी सर्वे रिपोर्ट चार-पांच दिन पहले ही एनएमआरसी को सौंपी गई थी। रूट में थोड़ा बदलाव करते हुए सेक्टर-142 से सेक्टर-91, 108, 47, 46 और बॉटेनिकल गार्डन का विकल्प सुझाया गया है।
इधर, अब एनएमआरसी की प्रबंध निदेशक रितु माहेश्वरी ने ज्यादा से ज्यादा यात्रियों को नई मेट्रो सेवा का फायदा देने के लिए एक बार फिर संभावनाएं तलाशने के निर्देश दिए हैं। इस बार सर्वे में प्राधिकरण के अधिकारियों को भी शामिल किया गया है। अगले सप्ताह संयुक्त सर्वे करने के बाद रूट तय होगा।
डीएमआरसी की तरफ से जो डीपीआर सौंपी गई थी उसके अनुसार करीब दो हजार करोड़ रुपये खर्च और रोजाना करीब 30 हजार यात्रियों के सफर का अनुमान लगाया गया था। एनएमआरसी के अधिकारियों ने बताया कि अगर तीसरी बार रूट में बदलाव किया जाता है तो कॉरिडोर की लंबाई बढ़ना तय है। स्टेशनों की संख्या भी बढ़ेगी और परियोजना का बजट भी बढ़ेगा।
दो जगह होगी इंटरचेंज की सुविधा
नई मेट्रो लाइन का रूट कोई भी ह्रो लेकिन इस पर दो जगह इंटरचेंज स्टेशन बनाए जाएंगे। सेक्टर-142 के पुराने स्टेशन के नजदीक इंटरचेंज स्टेशन बनेगा। इसका आकार छोटा होगा। दूसरा इंटरचेंज बॉटेनिकल गार्डन पर बनेगा। इसका आकार बड़ा होगा, क्योंकि यहां से सेक्टर-63 इलेक्ट्रानिक सिटी से दिल्ली के द्वारका को जोड़ने वाली ब्लू लाइन और बॉटेनिकल गार्डन से जनकपुरी वेस्ट को जोड़ने वाली मजेंटा लाइन का भी संचालन होता है।
फीडर बस की तरफ नहीं दिखा रुझान
नोएडा और ग्रेटर नोएडा के मेट्रो स्टेशनों को सेक्टरों से जोड़ने के लिए एनएमआरसी ने निविदा आमंत्रण सूचना जारी कर दी है, लेकिन अभी तक किसी कंपनी ने संचालन करने में रुचि नहीं दिखाई है। अधिकारियों का कहना है कि अभी योजना शुरुआती चरण में है। उम्मीद है कि कोई न कोई कंपनी बसों के संचालन में रुचि दिखाएगी।