बिजली, हाइड्रोजन और इथेनॉल से दौड़ेंगे वाहन
-पांच साल में 50 फीसदी तक रह जाएंगी सड़कों पर पेट्रोल-डीजल वाहनों की संख्या
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। ऑटोमोबाइल कंपनियां पेट्रोल-डीजल से चलने वाले वाहनों को अगले कुछ साल में अलविदा कह देंगी। ऑटो एक्सपो में ज्यादातर कंपनियाें ने इलेक्ट्रिक, हाइड्रोजन और हाईब्रिड वाहनों पर फोकस किया है। इस बार 83 वाहनों को लांच किया गया है, जिसमें 50 से अधिक इलेक्ट्रिक, हाइड्रोजन और हाईब्रिड श्रेणी के हैं। कई कंपनियों ने इथेनॉल से चलने वाले वाहनों को भी इजाद किया है। टोयोटा, एमजी, मारुति, हुंडई, टाटा के अलावा दोपहिया वाहन निर्माता कंपनियों ने ई-वाहनों को बाजार में उतारा है।
सड़कों पर अगले पांच साल में पेट्रोल-डीजल के करीब 40 से 50 फीसदी वाहन ही नजर आएंगे। चूंकि करीब दो साल पहले तक सीएनजी कार का डेढ़ से दो रुपये प्रति किलोमीटर का खर्च आता था, जो बढ़कर तीन से चार रुपये हो गया है। पेट्रोल कार पर पहले पांच से 10 रुपये प्रति किलोमीटर का खर्च आता था। तेल के दाम बढ़ने पर खर्च बढ़कर अब 12 से 15 रुपये हो गया है। तेल के दाम बढ़ने पर कंपनियों ने हाईब्रिड कारें बाजार में उतारनी शुरू कर दी हैं। इन कारों में पेट्रोल इंजन के साथ बैट्री भी लगाई जा रही है। यह कारें बैटरी से स्टार्ट से होती हैं। कुछ तो थोड़ी दूर तक बैट्री से ही चलती हैं। जबकि कुछ कारें 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार तक बैट्री से चलती हैं और अधिक गति होने पर पेट्रोल पर आ जाती हैं। लोग हाइब्रिड कार को खरीदना पसंद करते हैं। हालांकि इसकी कीमत में करीब चार से पांच लाख रुपये का अंतर रहता है। इसी तरह इलेक्ट्रिक कार का इस समय एक से दो रुपये प्रति किलोमीटर खर्च आ रहा है। चार से पांच घंटे में पांच से 10 यूनिट तक ही खर्च होती है। यदि घर पर चार्ज किया जाए तो 50 से 100 रुपये तक खर्च आएगा जो 300 से 400 किलोमीटर तक चल सकेगी। इसके अलावा चार्जिंग स्टेशन से चार्ज करने पर करीब 50 पैसे प्रति किलोमीटर का अधिक खर्च आएगा।
हाईड्रोजन, हाईब्रिड और इलेक्ट्रिक वाहनों पर कंपनी का जोर
एमजी मोटर ने अपनी पहली हाइड्रोजन फ्यूल सेल एसयूवी यूनिक-7 को अनव्हील किया है। एमजी देश की तीसरी ऐसी कंपनी है, जो हाइड्रोजन कार लाएगी। इसके अलावा जेडएस मॉडल को पूरी तरह इलेक्ट्रिक कार बनाया है। जबकि अपनी ब्रांड हेक्टर कार को हाईब्रिड वर्जन के रूप में उतारा है। इसके अलावा एस्टर, ग्लोस्टर समेत कई अन्य कारों को स्मार्ट हाईब्रिड कार बनाकर बाजार में उतारा है। एमजी मोटर्स ने विश्व की पहली इलेक्ट्रिक एमपीवी लांच की है। कंपनी ने तीनों तरह के वर्जन लाकर साफ कर दिया है कि अगले कुछ समय में कंपनी पेट्रोल-डीजल के वर्जन को बाय-बाय कर सकती है। इसके अलावा कंपनी कई और तरह के विकल्प पर भी काम कर रही है। कंपनी के प्रेसिडेंट और मैनेजिंग डायरेक्टर राजीव बाबा ने भी कार की लांचिंग के समय कहा था कि अब समय बदल रहा है और उसी के अनुसार चलना होगा।
प्रयोग हुआ सफल तो बढ़ने लगा कारवां
हुंडई ने भी इस बार आयोनिक-5 ईवी कार लांच की है। हुंडई इससे पहले कोना कार भी लाई थी और यह लगभग सफल हो चुकी है। इसके बाद कंपनी ने आयोनिक कार को बाजार में उतारा है। इसमें बेहतरीन इंटीरियर और एक्सटीरियर के साथ नवीनतम तकनीक के साथ लांच किया है। इसके अलावा कंपनी ने कई अन्य कारों को हाइब्रिड के रूप में तैयार किया है।
मारुति की भी ने भी हाइब्रिड और इलेक्टि्रक वाहन उतारने में आगे आई
मारुति सुजुकी ने कॉन्सेप्ट इलेक्ट्रिक एसयूपी ईवीएक्स लांच की है। हालांकि इस कार को कंपनी साल-2025 में बाजार में उतारेगी। जबकि इस बार कंपनी ने अपनी सबसे प्रिय कार वैगनआर को इथेनाॅल में उतार दिया है। इसके अलावा हाईब्रिड अर्टिगा और ब्रिजा भी लांच की है। जबकि फुल हाईब्रिड/बैट्री वाली ग्रांड विटारा को लांच किया है।
किआ की कॉन्सेप्ट कार ईवी-9 पेश
किआ ने कॉन्सेप्ट कार ईवी-9 के साथ चौथी पीढ़ी की कॉर्निवल केए-4 पेश की है। ईवी-9 पूरी तरह इलेक्ट्रिक कार है। जिसको ई-जीएमपी प्लेटफॉर्म पर डेवलप किया है। इसके अलावा कंपनी ने हाइब्रिड तकनीक भी कारों में प्रयोग की है। कंपनी के अधिकारियों की माने तो अभी इलेक्ट्रिक की ओर काफी काम किया जाना है। चूंकि ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री अब पूरी तरह इसी ओर चल दी है। समय की मांग भी यही है।
टाटा भी सीएनजी और इलेक्ट्रिक की तरफ बढ़ा
टाटा मोटर्स सीएनजी के साथ ही इलेक्ट्रिक कारों पर दांव लगाकर बाजार में धाक जमाने को तैयार है। इस बार तीन मॉडल प्रदर्शित किए हैं। हालांकि अभी इन कारों को बाजार में नहीं उतरा जाएगा। टाटा नेक्सन पहले से बाजार में अच्छी स्थिति में है। अब कंपनी ने पंच अल्ट्रोज को डबल सिलिंडर के साथ सीएनजी वर्जन में उतारकर ग्राहकों को लुभाने का काम किया है। कंपनी ने नई कार टाटा कर्व, अविन्या और टाटा हैरियर के इलेक्ट्रिक वर्जन को भी पेश किया है। हालांकि इन कारों को कंपनी अभी बाजार में लाने से परहेज कर रही है।
भारत में बीवाईडी सील की 1200 यूनिट बिकेंगी
बीवाईडी कंपनी ने लग्जरी इलेक्ट्रिक सेडान बीवाईडी सील को लांच किया है। बीवाईडी एटीटीओ 3 के लिमिटेड एडिशन को विशेष फॉरेस्ट ग्रीन शेड में पेश किया है। केवल 1200 गाड़ियां भारत में उपलब्ध होंगी। इस साल के आखिर में यह कार भारत में लांच होगी।
टोयोटा कंपनी ने भी इस बार कई उत्पाद ऑटो एक्सपो में पेश किए हैं। इनमें बीजेडफारएक्स पूरी तरह इलेक्ट्रिक कार है और यह कार विदेशों में दौड़ रही है। इसके अलावा हाईड्रोजन की मिराई और प्रियस कार पेश की है। दोनों ही कार अभी दूसरे देशों में चल रही हैं। जबकि कंपनी ने अर्बन क्रूजर, हाईराइडर, इनोवा हाईक्रॉस, कैमरी व वैलफायर को फुल हाईब्रिड तकनीक में उतारा है।
व्यावसायिक वाहन सीएनजी और एलएनजी से चल सकेंगे
कमिन्स कंपनी जल्द ही भारत में व्यावसायिक वाहनों में ऐसा इंजन डेवलप कर रही है जो एलएनजी और सीएनजी दोनों से चल सकेंगे। यदि कुछ समय बाद भी ट्रक मालिक उसके वर्जन बदलवाना चाहेंगे तो केवल हेड बदलकर इंजन दूसरे वर्जन पर काम करना शुरू कर देगा।