टोयोटा साल-2050 तक 100 फीसदी इकाे फ्रेंडली कंपनी बनेगी-विक्रम गुलाटी
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। ऑटो मोबाइल कंपनी टोयोटा ने साल-2050 तक अपने वाहनों को पूरी कार्बन मुक्त करने की रणनीति बनाई है। आने वाले दिनों में कच्चे माल से लेकर कंपनी के प्लांट को पूरी तरह कार्बन उत्सर्जन से मुक्त कर लिया जाएगा। जल्द ही इनोवा हाइक्रॉस समेत जिन कारों की बुकिंग पर रोक लगाई गई थी, उनकी डिलीवरी भी शुरू की जाएगी। यह बात कंपनी के कंट्री हेड एंड एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट विक्रम गुलाटी ने कही।
अमर उजाला से बातचीत में उन्होंने कहा कि सेमी कंडक्टर की वजह से गाड़ियों की वेंटिंग बढ़ गई थी, मगर अब इसकी कमी लगातार दूर होती जा रही है। इस परेशानी को देखते हुए कंपनी ने ई-ड्राइवर बनाने का निर्णय लिया था। अब वह न केवल अपनी कारों में इसका प्रयोग कर रहे हैं। बल्कि कंपनी जापान में ई-ड्राइवर को निर्यात कर रही है। कंपनी ने इसके लिए करीब पांच हजार करोड़ का निवेश किया है। कंपनी ई-व्हीकल ही नहीं बल्कि हाइड्रोजन और बायोगैस से चलने वाले वाहनों पर भी अधिक जोर देगी। उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि मारूति सुजुकी के साथ टोयोटा का वैंचर ग्राहकों के लिए बेस्ट कार देने में सहायक हुआ है। इसमें दोनों कंपनियों को एक-दूसरे से सीखने को मिला है। कंपनी के महत्वपूर्ण उत्पाद इनोवा और फॉर्च्यूनर के वर्जन को अभी बंद करने का कोई इरादा नहीं है। इनोवा हाइक्रॉस पेट्रोल में 16 किमी प्रतिलीटर के माइलेज के साथ लांच की गई है। उन्होंने कहा कि इस बार ऑटो एक्सपो में इनोवा हाईक्रॉस, फॉर्च्यूनर, लीजेंडर, वेलफायर, कैमरी हाइब्रिड को प्रदर्शित किया है।