सैन्य अधिकारी ने अगवा हुए इंजीनियर के खिलाफ दर्ज कराया ठगी का केस
- दो दिन पहले ही नोएडा पुलिस ने दौसा के जंगल से इंजीनियर व उसके साथी को घायल अवस्था में किया था बरामद
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। एफसीआई के इंजीनियर और उसके दोस्तों के अगवा होने के मामले में मंगलवार को नया मोड़ आ गया। दोनों के खिलाफ सेना के एक अधिकारी ने सेक्टर-113 थाने में धोखाधड़ी सहित पांच अन्य धाराओं में केस दर्ज कराया है। दोनों ने अलग-अलग विभाग में नौकरी लगवाने के नाम पर सैन्य अधिकारी व उनके रिश्तेदारों से करीब 80 लाख रुपये ठग लिए थे। नौकरी नहीं लगने पर जब पीड़ितों ने पैसे वापस मांगे तो उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई।
सेना में कार्यरत राजस्थान के भरतपुर निवासी चेतराम ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसके दो छोटे भाई लंकेश व अजय बेरोजगार हैं। 2020 में दोनों भाइयों का संपर्क बलराम उर्फ हर्ष निवासी अलवर से हुआ। बलराम ने दोनों से सरकारी नौकरी दिलवाने के नाम पर 27 लाख रुपये ले लिए। उनके रिश्तेदार सियाराम से आठ लाख, रविंद्र से पांच लाख, विश्राम से छह लाख, हंसराज से नौ लाख, उदयवीर से 13 लाख, महेंद्र से 10 लाख तथा एक अन्य व्यक्ति से आठ लाख रुपये की ठगी दोनों ने मिलकर की। बलराम ने पीड़ितों को बताया कि आरके सिंह उर्फ सुमित कुमार सिंह एसएससी विभाग में अधिकारी हैं। कुछ दिन बाद एसएससी विभाग की फर्जी मेल आईडी व पोस्ट के द्वारा लंकेश को राजस्थान पुलिस व अजय को एग्रीकल्चर विभाग दिल्ली, रविंद्र को दिल्ली हाईकोर्ट, व अन्य सभी को सचिवालय नई दिल्ली पासपोर्ट विभाग में नियुक्ति के पत्र भेजे गए।