आधार कार्ड और सरहद पार की जांच में पुलिस उलझ गई है। सीमा और सचिन से लंबी पूछताछ के बाद बरामद तीन आधार को लेकर अलग-अलग बयान सामने आ रहे हैं। केंद्रीय एजेंसियों और इंटरपोल की मदद से मामले की सच्चाई उजागर होगी।
सरहद पार कर पाकिस्तान से चार बच्चों को लेकर रबूपुरा पहुंची सीमा हैदर के मामले की तह तक जाने के लिए जेवर पुलिस ने मंगलवार को सचिन मीणा के घर पहुंचकर एक घंटे तक पूछताछ की। पुलिस ने सीमा हैदर से सचिन से पहचान, दोस्ती और प्यार से लेकर नेपाल में मुलाकात और रबूपुरा आने तक सवाल पूछे। साथ ही बरामद कागजात के संबंध में भी गहन पूछताछ की।
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पुलिस सीमा से बरामद कागजात, मोबाइल, सिम कार्ड और तीन आधार कार्ड की जांच में उलझी है। दूसरे देश का मामला होने के कारण केंद्रीय एजेंसियों और इंटरपोल की मदद से जांच पूरी हो सकती है। इसके लिए स्थानीय पुलिस ने आलाधिकारियों को रिपोर्ट भी भेज दी है। चर्चा है कि शासन ने भी पूरे मामले की रिपोर्ट तलब की है।
सीमा हैदर की प्यार की कहानी में अपराध की शुरुआत सीमा के चार बच्चों संग बिना वीजा के सरहद पार कर आने से होती है। पुलिस ने सीमा के पास से तीन आधार कार्ड बरामद करने का दावा किया है।
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शुरुआत में खुफिया विभाग के एक सूत्र ने जानकारी दी थी कि यह आधार कार्ड एडिट कर फर्जी ढंग से बनाए गए हैं। इन आधार कार्ड में सीमा ने खुद को सचिन की पत्नी और रबूपुरा निवासी बताया है। इसी तरह एक आधार कार्ड उसके बच्चे का भी है।
अगर सूत्र का दावा सही है तो इस केस में आईपीसी 420 और 467 की धारा लगनी चाहिए थी। ऐसा होता तो सात साल की सजा होने के कारण सीमा और सचिन को जमानत नहीं मिलती। दोनों को जमानत सात साल से कम सजा का अपराध होने के कारण ही मिली है।
सीमा ने मीडिया में बयान दिया है कि यह आधार कार्ड पाकिस्तान के हैं। एक अधिकारी ने भी इन्हें पाकिस्तान का बताया, लेकिन सवाल यह उठता है कि आधार कार्ड पाकिस्तान के कैसे हो सकते हैं। अगर पाकिस्तान का पहचान पत्र है तो बरामदगी में एक अन्य दस्तावेज को एनआईसी दर्शाया गया है, जो पाकिस्तान का है।
आधार से ही सुरक्षाकर्मियों को चकमा देने की आशंका
सीमा ने जानकारी दी है कि नेपाल के सुरक्षाकर्मी से उससे बस में अधिक पूछताछ नहीं की। भारत में वह साड़ी पहनकर आई थी, केवल एक सुरक्षाकर्मी ने उससे पूछताछ की। उसने अपने को भारतीय बताते हुए सचिन के घर का पता और खुद को ठकुराइन बताया था।
आशंका है कि यहां एडिटेड आधार कार्ड का इस्तेमाल किया गया, लेकिन अभी पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की है। इसकी जांच के लिए पुलिस उस बस के स्टाफ से पूछताछ कर सकती है, जिसमें सीमा चार बच्चों संग नेपाल से यमुना एक्सप्रेसवे के फलैदा कट तक पहुंची थी।
नेपाल के रास्ते पाकिस्तान से भारत आ गई थी सीमा
आपको बता दें कि पाकिस्तान के कराची निवासी सीमा हैदर और रबूपुरा के सचिन मीणा के बीच पबजी गेम खेलने के दौरान जान-पहचान हुई थी। वीडियो कॉलिंग के जरिये नजदीकियां बढ़ने के बाद सीमा 13 मई नेपाल के रास्ते पाकिस्तान से भारत आ गई थी।
चार बच्चों संग रबूपुरा पहुंची सीमा आंबेडकर नगर में किराये पर मकान लेकर सचिन के साथ रहने लगी। मामले की भनक पुलिस को लगते ही सीमा चार बच्चों और सचिन के साथ फरार हो गई। पुलिस टीम ने सभी को हरियाणा के बल्लभगढ़ से पकड़ा था।
सचिन, उसके पिता नेत्रपाल और सीमा को गिरफ्तार कर बीते मंगलवार को न्यायालय में पेश किया था। न्यायालय के आदेश पर तीनों को जेल भेजा गया था। न्यायालय ने बच्चों की आयु कम होने के कारण उनकी मां सीमा के साथ जेल भेजा था। सीमा हैदर और सचिन की जमानत याचिका पर सुनवाई कर वकील उनके प्यार, चार बच्चों और सीमा की सुरक्षा का हवाला दिया। इसके बाद न्यायालय ने दोनों को जमानत दे दी थी।