मगर इस बात से भूरी परेशान हो गई और उसने ओमपाल के साथ मिलकर अपने सगे बेटे अंकित को रास्ते से हटाने की योजना बना डाली। चूंकि भूरी को पेट में टयूमर है और इसका इलाज कराने के लिए वह पति कल्याण के साथ इलाज के लिए 29 जून को पूरनपट्टी संभल के लिए चली गई। 2 जुलाई को भूरी और कल्याण वापस बादलपुर आने थे। लेकिन भूरी ने वहीं से ओमपाल को कॉल करके कहा कि अंकित को 500 रुपये देकर संभल यह कहकर भेज दें कि उसके पिता-माता ने बुलाया है।
अंकित बस में सवार होकर संभल अपने चाचा मानक के पास पहुंच जाता है। वहां से उसे ग्राम कठुआ में कल्याण की बसे बड़ी बेटी पिंकी के पास छोड़ दिया गया। मगर छह जुलाई को भूरी इलाज कराने के लिए संभल कहकर गई और फिर सीधे बेटी रिंकी के पास पहुंची। वहां से बेटे अंकित को साथ लिया और रास्ते में उसे समझाया। मगर जब वह मां की बात मानने को तैयार नहीं हुआ तो उससे माफी मांगी। इसके बाद अंकित कुछ शांत हो गया तो उसकी तबीयत खराब होने की दुहाई देकर मां ने सल्फाश का पाउडर पिला दिया।
कुछ देर बाद उसकी तबीयत खराब हो गई तो चाचा मानक को बुलाया जाता है। इस दौरान रिंकी के ससुर अमर सिंह, चाचा मानक उसे बाइक पर बैठाकर अस्पताल ले जाने के लिए निकलते हैं। मगर रास्ते में दम तोड़ने के कारण वह दोनों सड़क किनारे अंकित को छोड़कर भाग गए। उधर, जब अंकित की कोई जानकारी नहीं मिली तो पिता कल्याण ने पुलिस को गुमशुदगी दर्ज कराई। मगर 7 जुलाई को अंकित का शव संभल पुलिस को सड़क किनारे मिला और उसकी पहचान कराकर कल्याण को जानकारी दी। पुलिस ने जांच कर आरोपी भूरी, पड़ोसी ओमपाल, बच्चे के चाचा मानक, बहन रिंकी के ससुर अमर सिंह को गिरफ्तार किया।
भूरी ने देवर को कहा था अंकित को मौत के घाट उतारने के लिए
प्रेसवार्ता में डीसीपी सेंट्रल अनिल यादव, एसीपी 2 रमेश चंद्र पांडे, कोतवाली प्रभारी ब्रह्मपाल सिंह आदि मौजूद रहे। अंकित के संभल में रहते हुए भूरी ने पहले उसके चाचा मानक को ही अंकित की हत्या करने की बात कही थी। मगर मानक ने इसके लिए मना कर दिया था। इससे साफ है कि इनके बीच भी संबंध थे।
भूरी की कहानी में कई झोल
भूरी की कल्याण से पहले भी रविंद्र नामक व्यक्ति से शादी हुई थी और उससे भी एक बेटी है। मगर जमीन विवाद के कारण रविंद्र आदि ने एक व्यक्ति की हत्या कर दी थी और वह पूरा परिवार जेल चला गया था। इससे भूरी को लगा कि उसका जीवन तो खराब हो गया है। इसी बीच बहन बिमला की मौत हो गई तो कल्याण और भूरी के बीच नजदीकी बढ़ी तो दोनों ने शादी करने का फैसला किया। शादी के कुछ साल बाद ही भूरी का पड़ोस में रहने वाले ओमपाल (58) से शारीरिक संबंध हो गए और उनकी दो साल की एक बेटी भी थी। हालांकि, इस बच्ची को कल्याण अपना ही अंश मानता था।
पोस्टमार्टम में सल्फास देने की हुई पुष्टि
डीसीपी सेंट्रल अनिल कुमार यादव ने बताया कि अंकित की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सल्फास खाने से मौत होने की पुष्टि हुई है। पुलिस ने जांच कर अंकित की मां समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।