फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Noida News: जमा नहीं किया जुर्माना, अब आरसी से वसूलेंगे दोगुना

विज्ञापन
विज्ञापन
जमा नहीं किया जुर्माना, अब आरसी से वसूलेंगे दोगुना
विज्ञापन

-भूगर्भ जल विभाग ने सात प्रोजेक्ट के बिल्डरों को एक सप्ताह का दिया है समय
-भूजल दोहन पर 13 बिल्डरों पर लगाया था जुर्माना, छह बिल्डरों ने जमा कराया
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। भूगर्भ जल विभाग के नोटिस के बाद भी सात प्रोजेक्ट के बिल्डरों ने अब तक भूजल दोहन का जुर्माना जमा नहीं कराया है। जबकि हाल ही में विभाग दो बार रिमाइडर जारी कर चुका है। विभाग ने चेतावनी दी है कि अगर एक सप्ताह के अंदर जुर्माना जमा नहीं किया तो फिर रिकवरी सर्टिफिकेट जारी कर दोगुना जुर्माना वसूला जाएगा।

विभाग ने भूजल दोहन करने वाले बिल्डरों के खिलाफ अभियान चलाया था। अभियान के दौरान 13 प्रोजेक्ट में बोरवेल से भूजल दोहन मिला था। जिन पर विभाग ने 5-5 लाख रुपये जुर्माना लगाने के साथ बोरवेल बंद करने का नोटिस जारी किया था। लेकिन बिल्डरों ने जुर्माना जमा नहीं किया और भूजल दोहन भी जारी रखा। इस पर डीएम ने सभी बिल्डरों की जुर्माना धनराशि को दोगुना करने का आदेश दिया। आदेश के तहत ग्रेनो वेस्ट की मेफेयर रेजीडेंसी प्रोजेक्ट का जुर्माना 5 से 10 लाख कर दिया गया। वहीं, अन्य बिल्डरों को विभाग ने नोटिस जारी कर समय दिया है। अफसरों ने बताया कि बिल्डरों को दो बार रिमाइंडर नोटिस भेजा जा चुका है। इस बीच छह बिल्डरों गोदरेज पाम रिट्रीट, ऐस स्टारलेट, ऐस पार्कवे, अजनारा डेफोडिल, सेंट्रल मार्केट मॉल, बेल्यूएंट इंफ्रास्ट्रक्चर ने जुर्माना जमा कर दिया है। वहीं, आखिरी नोटिस में दिए गए समय को समाप्त होने में अभी एक सप्ताह का समय बाकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इन बिल्डर को जमा करना है अभी जुर्माना

प्रोजेक्ट/सोसाइटी पता
मेफेयर रेजीडेंसी टेकजोन-4 ग्रेनो वेस्ट

एटीएस प्रिस्टीन सेक्टर-150 नोएडा
महागुन मायवुड्स सेक्टर 16 सी, ग्रेनो वेस्ट

जेपी अमन सेक्टर-151 नोएडा
अंतरिक्ष गोल्फ सिटी सेक्टर-150 नोएडा

अंतरिक्ष द गोल्फ एड्रेस सेक्टर-150 नोएडा

अंतरिक्ष ग्रैंड व्यू सेक्टर-150 नोएडा


अगर अब भी जुर्माना जमा नहीं किया तो फिर आरसी जारी कर बिल्डरों से वसूली की जाएगी। जुर्माने को भी दोगुना कर दिया जाएगा। अन्य प्रोजेक्ट में भी भूजल दोहन की शिकायत मिल रही है। उनकी भी जांच की जाएगी।
अंकिता राय, हाइड्रोलाजिस्ट, भूगर्भ जल विभाग
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें