(अदालत से)
- पीड़िता की गवाही में विरोधाभास और मेडिकल साक्ष्य के अभाव को बनाया आधार
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। अदालत ने थाना दनकौर क्षेत्र में नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को बरी कर दिया। अभियोजन आरोपों को संदेह से परे साबित करने में विफल रहा। यह मामला 7 सितंबर 2022 को करीब 16 वर्षीय पीड़िता द्वारा दर्ज कराया गया था। पीड़िता ने आरोप लगाया था कि आरोपी उसे कार में जबरन बैठाकर दुष्कर्म किया। अदालत ने स्कूल रिकॉर्ड के आधार पर पीड़िता को नाबालिग माना, पर घटना साबित नहीं हुई। फैसले में घटनास्थल की विरोधाभासी जानकारी, स्वतंत्र गवाहों का अभाव और चिकित्सा साक्ष्य की कमी जैसी कई विसंगतियां पाई गईं। विवेचक ने कॉल विवरण और स्थान विवरण भी नहीं निकाले। अदालत ने पीड़िता की गवाही में सुधार और संदेह पाए जाने का उल्लेख किया। इन विरोधाभासों और गैर-पुष्टिकारक मेडिकल साक्ष्य के चलते आरोपी को बरी कर दिया गया।