एटीएस बुके परियोजना में ईओडब्ल्यू की जांच शुरू
-ऑफिस स्पेस के खरीदारों ने की थी शिकायत, ईओडब्ल्यूए ने खरीदारों को बुलाया
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। सेक्टर-132 एटीएस बुके परियोजना के ऑफिस स्पेस के खरीदारों की शिकायत के बाद आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने मामले की जांच शुरू कार दी है। खरीदारों ने एटीएस ड्रीम जोन प्राइवेट लिमिटेड और एटीएस इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड पर फंड डायवर्जन और ठगी का आरोप लगाया है। शिकायत के आधार पर ईओडब्ल्यू ने खरीदारों को कार्यालय में बुलाया है। खरीदारों से दस्तावेज और आरोप के सुबूत भी मांगे गए हैं। ईओडब्ल्यू की टीम बिल्डर से भी संपर्क करने की कोशिश कर रही है।
खरीदारों का आरोप है कि एटीएस बिल्डर ने अस्थायी ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट (ओसी) दिखाकर खरीदारों से पैसे वसूल कर लिए। जबकि परियोजना का काम पूरा नहीं किया गया। बिल्डर ने तय शेड्यूल के तहत 30 जून 2021 तक पहली किस्त, दिसंबर 2021 तक दूसरी किस्त, जून 2022 तक तीसरी किस्त और दिसंबर 2022 तक चौथी किस्त प्राधिकरण में जमा नहीं कराई। बिल्डर पर प्राधिकरण का करीब 25 करोड़ रुपये बकाया हैं। इस वजह से जून 2022 में प्राधिकरण ने बिल्डर का आवंटन निरस्त कर दिया। इससे कार्यालय के लिए दुकान आदि खरीदने वाले सड़क पर आ गए। खरीदारों का आरोप है कि इसके बाद भी बिल्डर बकाया पैसे चुकाने को बार-बार दबाव दे रहा है। आरोप है कि बिल्डर वहां की पार्किंग भी बेचने का प्रयास कर रहा है।
मामले में खरीदारों ने जनवरी 2023 में ईओडब्ल्यू में बिल्डर के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। एटीएस बुके बायर्स वेलफेयर एसोसिएशन के महासचिव अजय जैन ने बताया कि परियोजना में 2016 में बुकिंग हुई। 2020 तक इस परियोजना का कब्जा देना था। लेकिन कुछ लोगों को अब तक कब्जा मिला हुआ है और प्रोजेक्ट में अभी काफी काम बचा हुआ है। इसके 550 यूनिट में करीब 500 खरीदारों ने बुकिंग कराई है।