वेतन नहीं मिलने पर फूटा कर्मचारियों का गुस्सा
नूंह। बीते 12 नवंबर को मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने जिले के मेवात मॉडल स्कूलों को शिक्षा विभाग में समायोजित करने का आश्वासन दिया था। साथ ही इन स्कूलों की सभी समस्याओं के समाधान को भी प्रमुखता से कराने की बात कही थी। आश्वासन से नाराज मेवात मॉडल स्कूलों के दर्जनों अध्यापकों ने गुरुवार को नूंह के गांधी पार्क में सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। दरअसल कोरोना काल से पूर्व ही मेवात मॉडल स्कूल के कर्मचारियों को 4 माह से वेतन नहीं मिली है। मेवात मॉडल स्कूल एसोसिएशन के प्रधान सतीश खटाना व उप प्रधान विजेंदर सिंह ने बताया की मेवात विकास बोर्ड की 30वीं मीटिंग में उनकी सभी मांगों का प्रमुखता से कोई समाधान नहीं कराया गया है। जल्द ही एक मुस्त 4 महीने का वेतन नहीं मिला तो मेवात मॉडल स्कूल्ज एम्प्लाइज वेलफेयर एसोसिएशन व सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के साथ मिलकर बड़ा आंदोलन करेंगे। जिले के पिछड़ेपन को देखते हुए एजेंसी द्वारा शिक्षा, स्वास्थ्य सहित अन्य क्षेत्रों में कार्य करने के लिए एजेंसी के ही मेवात मॉडल स्कूल हर ब्लाक में बनाए गए हैं। इन स्कूलों के कर्मचारियों की मुख्य मांगों में शिक्षा विभाग में समायोजित कराने की मांग है, जिसेे पूरा नहीं कराया जा रहा है।