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Noida News: पड़ताल, जांच के लिए लंबा इंतजार...न कर दे और बीमार

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पड़ताल
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जांच के लिए लंबा इंतजार... न कर दे और बीमार

या

इलाज कराने आ रहे...बीमारी लेकर जा रहे



कोविड जांच के बिना जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों का प्रवेश बंद

योगेश शर्मा

नोएडा। तेजी से फैल रहा कोरोना संक्रमण एक बार फिर लोगों में दहशत की वजह बन रहा है। सर्दी-जुकाम के मरीजों को भी कोरोना का डर सता रहा है। जिला अस्पताल की सेक्टर-39 स्थित ओपीडी में बिना जांच मरीजों का प्रवेश रोक दिया गया है। वहीं, सेक्टर-30 स्थित अस्पताल के कोविड जांच केंद्र में भीड़ उमड़ रही है। ओपीडी में संक्रमण से निपटने के दावों की पोल खुलती देखी जा सकती है। लंबी कतारों के बीच बिना मास्क और दो गज की दूरी की परवाह किए बगैर मरीज-तीमारदार जिंदगी खतरे में डाल रहे हैं।

साहब को अपनी फिक्र...जनता से क्या लेना

सेक्टर-39 स्थित जिला अस्पताल की ओपीडी में बिना कोविड जांच मरीजों को प्रवेश नहीं दिया जा रहा है। जांच की व्यवस्था कोविड की इमरजेंसी में की गई है। ओपीडी के हर मरीज को जांच के लिए यहींं भेजा जा रहा है। अस्पताल की इमारत के आठवें तल पर स्वास्थ्य महकमें के बड़े अधिकारी भी बैठते हैं। ऐसे में चर्चा जोरों पर है कि साहब ने खुद को बचाने के लिए यह नियम लागू कराया है।
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जांच के लिए आ रहे, संक्रमण लेकर जा रहे लोग

सेक्टर-30 स्थित जिला अस्पताल में हर तरफ लापरवाही का नजारा दिखाई दिया। कोविड जांच के लिए यहां लंबी कतारें दिखाई दीं। छोटे से कमरे में मरीजों से घिरे स्वास्थ्य कर्मी जांच के लिए जद्दोजहद करते दिखे। जिला अस्पताल में दोपहर एक बजे तक ही कोरोना जांच की जा रही है। ऐसे में लंबी कतारों में खड़े कई मरीजों को घंटों समय बर्बाद करने के बाद वापस लौटाया जा रहा है। अस्पताल में करीब 100 जांचें की जा रही हैं, जिनमें 50 रैपिड एंटीजन जांच की जा रही है। कई मरीजों को बिना जांच के ही वापस लौटाया जा रहा है।



कोरोना का वार, मरीजों का आंकड़ा 200 पार

ओमिक्रॉन के तीन नए सब वैरिएंट जिले में दस्तक दे चुके हैं। संक्रमण दर लगातार बढ़ रही है। बुधवार को स्वास्थ्य विभाग ने जिले में 47 नए संक्रमितों की पुष्टि की है। वहीं, पांच दिनों में सक्रिय मरीजों की संख्या दोगुनी बढ़ने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ी है। एक अप्रैल को 102 सक्रिय मरीज दर्ज हुए थे, जबकि पांच अप्रैल को यह आंकड़ा बढ़कर 206 पर पहुंच गया है। प्रदेश में सबसे ज्यादा सक्रिय मरीज गौतमबुद्ध नगर में बताए जा रहे हैं।
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सीएमओ डॉ. सुनील कुमार शर्मा का कहना है कि विभाग की तरफ से पूरी सतर्कता बरती जा रही है। जहां-जहां कोरोना मरीज मिले हैं, वहां कांटेक्ट ट्रेसिंग कराई जा रही है। गौतमबुद्ध नगर में रोजाना लाखों लोगों का दूसरे राज्यों से आना-जाना लगा रहता है, इसलिए यहां कोरोना के मामले प्रदेश के अन्य शहरों से ज्यादा हैं।



ऐसे बढ़ा सक्रिय मरीजों का ग्राफ



तारीख

नए मरीज
सक्रिय मरीज

01 अप्रैल
28

102

02 अप्रैल
44

136

03 अप्रैल
09

133

04 अप्रैल
66

185

05 अप्रैल
47

206


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