फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वकील के घर चोरी के मामले में उसके दो पूर्व कर्मचारी सहित तीन गिरफ्तार

विज्ञापन
विज्ञापन
नोट: ग्रेटर नोएडा के लिए उपयोगी.....
विज्ञापन


वकील के घर चोरी मामले में दो
पूर्व कर्मचारी सहित तीन दबोचे
- पूर्व ड्राइवर ने साले और एक बदमाश के साथ दिया वारदात को अंजाम
- चोरी की रकम से खरीदी कार और प्लॉट, बदमाश पर लूटपाट के 26 मामले हैं दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दक्षिण पूर्वी जिले की वाहन चोरी निरोधक शाखा ने एक वकील के घर में हुई सेंधमारी की वारदात को सुलझाने का दावा किया है। पुलिस ने वारदात में शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक आरोपी वकील का ड्राइवर था, जबकि दूसरा ड्राइवर का साला है जो वकील के कार्यालय में चपरासी का काम करता था। बदमाशों के कब्जे से पुलिस ने 9.7 लाख रुपये, लाखों के जेवरात और लूट की रकम से खरीदी गई आई 10 कार बरामद की है। पकड़े गए एक बदमाश पर लूटपाट के 26 मामले दर्ज हैं।
जिला पुलिस उपायुक्त चिन्मय बिस्वाल ने बताया कि पकड़े गए बदमाश की पहचान मदनपुर खादर निवासी मुकेश कुुमार, उसका साला अमित कुमार और ग्रेटर नोएडा निवासी शक्ति सिंह के रूप में हुई है। शक्ति पर लूटपाट के 26 मामले दर्ज हैं। 6 अगस्त को जसोला में रहने वाले वकील अजेश लूथरा ने घर में चोरी की शिकायत दर्ज करवाई। शिकायत में अजेश ने बताया कि बदमाशों ने उसके घर से 10 लाख रुपये चुराए हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। 12 नवंबर को सिपाही अरविंद को सूचना मिली कि चोरी की वारदात में शामिल दो बदमाश मदनपुर खादर आ रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस ने वहां आई एक आई 10 कार को रुकने का इशारा किया। लेकिन चालक ने कार की रफ्तार बढ़ाकर भागने की कोशिश की। पुलिस टीम ने कार में सवार मनोज और उसके साले अमित को काबू कर लिया। पूछताछ में मनोज ने बताया कि वह वकील की कार पर चालक था। डेढ़ साल पहले उसने नौकरी छोड़ दी थी। इस बीच उसे रुपयों की जरूरत हुई और उसने साले अमित के साथ मिलकर साजिश रची। अमित ने दोस्त शक्ति सिंह को वारदात को अंजाम देने के लिए राजी कर लिया। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर शक्ति सिंह को गिरफ्तार कर उसके पास से नकदी और जेवरात बरामद कर लिए। जांच में पता चला कि मनोज ने चोरी की रकम से कार खरीदी। इसके अलावा आरोपियों के पास से जैतपुर स्थित दो प्लॉट के कागजात मिले हैं, जिसे इन लोगों ने अक्तूबर माह में खरीदा था। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें