नोट : बुलंदशहर, यूपी के लिए उपयोगी...
नासिर गैंग का इनामी शूटर राशिद दबोचा
- शूटर की गिरफ्तारी पर दिल्ली पुलिस ने रखा हुआ था एक लाख का इनाम
- नासिर और इरफान उर्फ छेनू गैंग में आठ वर्ष से चल रही है गैंगवार
- विदेश भागने की फिराक में था, सऊदी अरब से बनवा लिया था पासपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने नासिर गैंग के इनामी शूटर राशिद उर्फ केबलवाला को गिरफ्तार किया है। इस समय इसने नासिर गिरोह की कमान संभाली हुई थी। गिरफ्तार शूटर की गिनती दिल्ली के टॉप 10 बदमाशों में होती है। दिल्ली पुलिस दोहरे हत्याकांड में इसकी तलाश कर रही थी। कोर्ट ने आरोपी को भगोड़ा घोषित किया हुआ था। आरोपी के खिलाफ हत्या, हत्या का प्रयास और डकैती आदि के चार आपराधिक मामले दर्ज हैं। आरोपी ने सऊदी अरब से पासपोर्ट बनवा लिया था और वह विदेश भागने की फिराक में था। दिल्ली पुलिस ने शूटर की गिरफ्तारी पर एक लाख रुपये का इनाम रखा हुआ था।
अपराध शाखा के डीसीपी डा. जी. रामगोपाल नायक के अनुसार, ट्रांस यमुना एरिया में नासिर और इरफान उर्फ छेनू गिरोह में पिछले आठ वर्षों से गैंगवार चल रही है। गैंगवार में दोनों गिरोह के काफी लोग मारे जा चुके हैं। अप्रैल, 2017 में नासिर, राशिद केबलवाला व अन्य गिरोह सदस्यों ने मोहम्मद कमर और इमरान की ताबड़तोड़ फायरिंग कर हत्या कर दी थी। राशिद गोलू घायल हो गया था। तभी से राशिद केबलवाला और हाशिम बाबा फरार थे।
दिल्ली पुलिस ने दोनों की गिरफ्तारी पर एक-एक लाख रुपये का इनाम घोषित कर दिया था। नासिर के गिरफ्तार होने के बाद राशिद केबवाला ने गिरोह की कमान संभाल ली थी। इन बदमाशों को पकड़ने के लिए एसटीएफ एसीपी पंकज सिंह की देखरेख में इंस्पेक्टर विकास राणा की विशेष टीम बनाई गई। टीम छह महीने से राशिद का पीछा कर रही थी। पुलिस ने राशिद की तलाश में पश्चिमी यूपी, हरियाणा, राजस्थान और उत्तर-पूर्वी दिल्ली में संभावित जगहों पर छापामारी की।
पुलिस को ये भी पता लगा कि आरोपी ने बुलंदशहर के पते पर सऊदी अरब से पासपोर्ट बनवा लिया है और सऊदी अरब भागने की फिराक में है। इंस्पेक्टर विकास राणा की टीम ने आरोपी मो. राशिद उर्फ केबलवाला(30) को आईजीआई एयरपोर्ट, टर्मिनल-3 से उस समय गिरफ्तार कर लिया, जब वह सऊदी अरब की फ्लाइट पकड़ने वाला था। इसके पास से बैग, दो मोबाइल, पासपोर्ट, वीजा और अन्य सामान बरामद किया है।
--------
- बुलंदशहर का रहने वाला है राशिद
अपराध शाखा अधिकारियों के अनुसार राशिद बुलंदशहर, यूपी का रहने वाला है। वर्ष 2003 में दिल्ली आ गया था। सातवीं कक्षा तक पढ़े राशिद ने सीलमपुर इलाके में केबल डिस्ट्रीब्यूटर का काम शुरू किया। वर्ष 2008 में इसने अपना केबल नेटवर्क शुरू किया और नासिर के संपर्क में आया। इसके बाद ये आपराधिक वारदात करने लगा।
--------
- सऊदी अरब में गारमेंट्स व्यवसाय शुरू करता
राशिद ज्यादातर टाइम सऊदी अरब व बुलंदशहर, यूपी में बिताना चाहता था। वह गिरोह के सदस्यों को निर्देश देने के लिए ही भारत आता। ये सऊदी अरब व रियाद में अपना गारमेंट्स व्यवसाय शुरू करता।