बीएचयू के संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय के शोध छात्र सुवास शर्मा को स्वर्णांगुलीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। शृंगेरी शंकराचार्य की ओर से जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी विधु शेखर ने यह पुरस्कार उन्हें व्याकरण शास्त्र में उनके विशिष्ट प्रदर्शन के लिए दिया। शोध छात्र सुवास शर्मा ने व्याकरण के अत्यंत करीब एक से 30 घंटे तक शास्त्रार्थ करके विद्वानों को प्रभावित किया है। उन्हें सम्मान स्वरूप शारदा पीठ की मुद्रा से अंकित सोने की अंगूठी, शाल और नकद राशि दी गई। दक्षिणाम्नाय श्रीशारदा पीठम्, शृंगेरी, कर्नाटक की ओर से आयोजित त्रयोदश दिवसीय श्री महागणपति वाक्यार्थ सभा के समापन समारोह में ये सम्मान मिला।