15 हजार करोड़ का फ्रॉड मामला
जीएसटी नंबर के साथ 400 और फर्जी कंपनियों का खुलासा
- अब तक मिलीं फर्जी कंपनियों की संख्या हुई 3060, 15 हजार करोड़ से अधिक की जालसाजी की जांच के लिए बनेगी एसआईटी
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। फर्जी तरीके से कंपनियों का पंजीकरण कराकर 15 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की जालसाजी करने की जांच में और 400 कंपनियों का पता चला है। आरोपियों ने कंपनियों के जीएसटी नंबर भी प्राप्त कर लिए थे। इन्हें मिलाकर जीएसटी नंबर वाली फर्जी कंपनियों की संख्या 3066 हो गई है। जबकि बगैर जीएसटी वाली करीब एक हजार फर्जी कंपनियों की जानकारी मिली है। मामले की जांच के लिए जल्द ही एसआईटी गठित की जाएगी।
नोएडा जोन के डीसीपी हरीश चंदर ने बताया कि पुलिस की अलग-अलग टीमें कई शहरों में दबिश दे रही है। राज्य और केंद्र की कई एजेंसियां मामले की जांच कर रही है। सभी एजेंसियों से मिल रहे इनपुट के आधार पर जांच जारी है। गिरोह का नेटवर्क देश के लगभग सभी राज्यों में मिला है। इस कारण सभी राज्यों व शहरों से इस मामले का इनपुट लिया जा रहा है। नई 400 कंपनियों से कितने का फर्जीवाड़ा किया गया इसकी जांच जारी है।
यह है पूरा मामला
नोएडा पुलिस ने बृहस्पतिवार को 2660 फर्जी कंपनी बनाकर जालसाजी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का खुलासा किया था। जालसाजों ने पिछले पांच वर्षों में फर्जी फर्म बनाकर जीएसटी रिफंड आईटीसी (इनपुट टैक्स क्रेडिट) प्राप्त कर सरकार को हजारों करोड़ का चूना लगाया था। पुलिस ने इस गिरोह में शामिल महिला समेत आठ जालसाजों को गिरफ्तार कर लिया था।
लखनऊ में सीएम ने की बैठक, दिल्ली में वित्त मंत्रालय में मंथन
फर्जीवाड़े के खुलासे के बाद लखनऊ से लेकर दिल्ली तक बैठकों का सिलसिला शुरू हो गया। इस मामले में शनिवार को लखनऊ में मुख्यमंत्री ने पुलिस, एसटीएफ, जीएसटी समेत इंटेलिजेंस के बड़े अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने जांच में तेजी लाकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। वहीं इस मामले में दिल्ली स्थित वित्त मंत्रालय में भी शनिवार को अहम बैठक हुई। जिसमें केंद्रीय जीएसटी समेत अन्य एजेंसियों के अधिकारी शामिल हुए। बैठक में जांच तेजी करने और सभी इनपुट पर काम करने के निर्देश दिए गए हैं।
नोएडा पुलिस के पास देश भर से आ रहे फोन, जारी होगा हेल्पलाइन नंबर
मामले के खुलासे के बाद नोएडा पुलिस के अधिकारियों के पास देश भर से फोन आने लगे हैँ। नोएडा जोन के डीसीपी हरीश चंदर, एडीसीपी शक्ति अवस्थी और एसीपी रजनीश वर्मा के पास गुजरात, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल से लेकर पूर्वोत्तर के राज्यों के निवासियों के फोन आ रहे हैं। फोन करने वाले बता रहे हैं कि उनके नाम पर भी फर्जी कंपनियां चल रही हैं। अब नोएडा पुलिस इन लोगों का नाम एक साथ केस में जोड़ेगी। आने वाले दिनों में पीड़ितों के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया जा सकता है।
पुलिस और एसटीएफ अधिकारियों के बीच बैठक
मामले की जांच एसटीएफ भी जांच कर रही है। शनिवार को नोएडा पुलिस और एसटीएफ के अधिकारियों की लंबी बैठक हुई। जिसमें कई एजेंसियों से मिले इनपुट पर चर्चा की गई। अब एसटीएफ की टीम भी नोएडा पुलिस के साथ मामले की जांच में जुट गई है। इसके साथ ही आयकर विभाग, केंद्रीय व राज्य की जीएसटी समेत अन्य एजेंसियां भी जांच कर रही है।
रेवेन्यू इंटेलिजेंस की टीम भी सक्रिय
हजारों करोड़ की जीएसटी चोरी के मामले में रेवेन्यू इंटेलिजेंस की टीम भी सक्रिय हो गई है। शनिवार को टीम ने पुलिस अधिकारियों और जीएसटी अधिकारियों से जानकारी हासिल की। अब रेवेन्यू इंटेलिजेंस की टीम फर्जी कंपनियों के फर्जीवाड़े में शामिल जालसाजों की कुंडली खंगालने में लगी है।