राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बृहस्पतिवार को खालिस्तानी आतंकी नेटवर्क की जांच के लिए पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में सिलसिलेवार 18 ठिकानों पर छापे मारे। इस दौरान मोबाइल, डिजिटल डिवाइस और दस्तावेज सहित कई आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई।
जांच एजेंसी के बयान के अनुसार, प्रतिबंधित संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) के कार्यकर्ता कुलबीर सिद्धू, अमेरिका स्थित गैंगस्टर मनीष उर्फ काका राणा और भारत सहित विभिन्न देशों में स्थित उनके सहयोगियों से जुड़े संदिग्धों के परिसरों पर तलाशी ली गई।
मूल रूप से हरियाणा के यमुनानगर का रहने वाला सिद्धू फिलहाल जर्मनी में है और वह घोषित आतंकी व बीकेआई प्रमुख वधावा सिंह बब्बर का प्रमुख सहयोगी है। बब्बर पाकिस्तान में रहता है। सिद्धू अप्रैल 2024 में पंजाब के नांगल में विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) नेता विकास प्रभाकर की हत्या से संबंधित एनआईए मामले में भी आरोपी है।
पंजाब के पूर्व मंत्री मनोरंजन कालिया के आवास पर हाल ही में बीकेआई से जुड़े ग्रेनेड हमले की एनआईए जांच के तहत यह छापे मारे गए। बयान में कहा गया है, पंजाब के पूर्व मंत्री के जालंधर स्थित घर पर आतंकी हमला 7 अप्रैल 2025 की रात को आरोपी सैदुल अमीन ने किया था, जिसे राज्य पुलिस ने 12 अप्रैल को गिरफ्तार कर लिया। इसमें कहा गया है कि यह प्रतिबंधित आतंकी संगठन के विदेश स्थित आकाओं के निर्देश पर पंजाब में बीकेआई की ओर से किए गए ग्रेनेड हमलों की शृंखला में से एक था। एनआईए ने 12 अप्रैल, 2025 को राज्य पुलिस से जांच का जिम्मा अपने हाथ में लिया।
यूपी के अमरोह सहित, पंजाब व हरियाणा में इन जिलों में कार्रवाई
पंजाब में होशियारपुर, एसबीएस नगर, जालंधर, गुरदासपुर, तरनतारन और मानसा जिलों में छापे मारे गए। जबकि हरियाणा में एनआईए की टीमों ने कुरुक्षेत्र, यमुना नगर, करनाल और अंबाला जिलों में कार्रवाई की। आतंकवाद निरोधी एजेंसी ने बताया कि उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में भी व्यापक तौर पर छापे मारे गए।